देहरादून ट्रिपल मर्डर: प्लंबर राजकुमार के फोन से खुलेंगे कई राज, डिजिटल फुटप्रिंट खंगालेगी पुलिस
जांच में सामने आया है कि राजकुमार बुजुर्ग दंपती के घर पर प्लंबिंग का काम करता था। मंगलवार को भी वह वहां काम के सिलसिले में पहुंचा था। इसी दौरान रुपये के लेनदेन को लेकर उसका रमेश कपूर से विवाद हुआ।
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रायपुर क्षेत्र में बुजुर्ग दंपती और महिला की हत्या के मामले में गिरफ्तार आरोपी राजकुमार के टूटे हुए मोबाइल फोन से पुलिस को कई अहम सुराग मिलने की उम्मीद है। पुलिस ने आरोपी का फोन बरामद कर लिया है। अब इसकी फोरेंसिक जांच के साथ ही सर्च हिस्ट्री, कॉल डिटेल, चैट और अन्य डिजिटल फुटप्रिंट खंगाले जाएंगे। खासतौर पर पुलिस यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि हत्या से पहले या वारदात के बीच आरोपी ने फोन से किसी से संपर्क तो नहीं किया था।
जांच में सामने आया है कि राजकुमार बुजुर्ग दंपती के घर पर प्लंबिंग का काम करता था। मंगलवार को भी वह वहां काम के सिलसिले में पहुंचा था। इसी दौरान रुपये के लेनदेन को लेकर उसका रमेश कपूर से विवाद हुआ। बताया जा रहा है कि राजकुमार काम के बदले 600 रुपये मांग रहा था, जबकि रमेश कपूर 300 रुपये देने की बात कह रहे थे। विवाद बढ़ने के बाद राजकुमार गुस्से में वहां से चला गया।
पुलिस की जांच में सामने आया है कि कुछ देर बाद राजकुमार दोबारा उसी घर पर पहुंचा। इसके बाद उसने रमेश कपूर, उनकी पत्नी और वहां मदद के लिए पहुंची शीला पर हमला कर दिया। तीनों की हत्या के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। इस दौरान उसने अपने मोबाइल का इस्तेमाल किया था या नहीं, यह अब पुलिस की जांच का अहम बिंदु है।
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एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने बताया कि आरोपी का मोबाइल टूटा हुआ मिला है। ऐसे में फोन से डाटा निकालने के लिए तकनीकी टीम और फोरेंसिक विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है। फोन में मौजूद इंटरनेट सर्च, गूगल गतिविधि, कॉल लॉग, मैसेजिंग एप और लोकेशन संबंधी जानकारी की जांच की जा सकती है। इससे यह भी पता चल सकेगा कि वारदात से पहले आरोपी ने हत्या से संबंधित कोई जानकारी इंटरनेट पर तलाश की थी या नहीं।
इसके अलावा पुलिस उस अवधि की डिजिटल गतिविधियों को भी जोड़ रही है, जब आरोपी पहली बार घर से निकलकर दोबारा लौटा था। इस दौरान उसने किसी परिचित को फोन किया, मैसेज भेजा या किसी से ऑनलाइन संपर्क किया था तो उसकी जानकारी जांच की दिशा बदल सकती है। पुलिस अब डिजिटल साक्ष्यों को घटनास्थल और सीसीटीवी फुटेज से मिलाकर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।