देहरादून: चार और लोगों में डेंगू की पुष्टि, जिले में 53 पर पहुंचा मरीजों का आंकड़ा
जिन इलाकों में डेेंगू संक्रमित मरीजों के मिलने की सूचनाएं मिली हैं वहां दवाओं का छिड़काव करने के साथ ही लोगों को बचाव को लेकर जागरूक किया जा रहा है।
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देहरादून जिले में चार और मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है। चार मरीजों के खून के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया था और जांच में डेंगू की पुष्टि हुई है। मरीजों का अलग-अलग अस्पतालों में इलाज किया जा रहा है। मरीजों में दो महिला और दो पुरुष शामिल हैं। डेंगू से पीड़ित मरीजों का आंकड़ा 53 पार पहुंच गया है।
जिला मलेरिया अधिकारी सुभाष जोशी का कहना है कि डेंगू का संक्रमण तेजी से न फैलने पाए इस को लेकर स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम प्रशासन की ओर से तमाम एहतियाती कदम उठाए गए हैं। जिन इलाकों में डेेंगू संक्रमित मरीजों के मिलने की सूचनाएं मिली हैं वहां दवाओं का छिड़काव करने के साथ ही लोगों को बचाव को लेकर जागरूक किया जा रहा है।
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दून, गांधी शताब्दी व कोरोनेशन में खोले गए हैं आइसाेलेशन वार्ड
मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज उप्रेती ने बताया कि डेंगू को लेकर स्थिति नियंत्रण में है। दून अस्पताल, गांधी शताब्दी और कोरोनेशन जैसे सरकारी अस्पतालों के अलावा सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में आइसोलेशन बोर्ड की व्यवस्था करने के साथ ही बेड की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। पर्याप्त मात्रा में अस्पतालों को दवाइयां भी मुहैया कराई गई हं। सभी चिकित्साधिकारियों को डेंगू संक्रमण की जानकारी तत्काल साझा करने के लिए पत्र लिखा गया है।
ये हैं डेंगू के लक्षण और बचाव के तरीके
डेंगू के लक्षण
- डेंगू संक्रमित व्यक्ति को तेज बुखार के हाथ-पैरों में तेज दर्द होता है।
- मरीज को भूख नहीं लगती है। जी मिचलाने के साथ ही उल्टी व दस्त होने लगते हैं।
- आंखों और सिर में दर्द होता है। शरीर पर लाल चकत्ते निकल आते हैं और नाक से खून आने लगता है।
बचाव के लिए क्या करें क्या न करें
-घर के आसपास नालियों में पानी ना जमा होने दें।
-घर की छत पर यदि कूड़ा करकट है तो तत्काल उसकी सफाई कर दें।
-घर में रखे कूलर में यदि पानी है तो उसे साफ कर दें।
-घरों के आसपास गंदगी न होने दें। नालियों में जला हुआ मोबिल आयल डाल दें।
-सुबह-शाम पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें। रात को सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें।