मंदिर परिसर में दलित परिवार से मारपीट के आरोपी गिरफ्तार
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(पीड़ित परिवार का फाइल फोटो)
देहरादून जिले के चकराता विकासखंड के गबेला स्थित कुकुर्शी महाराज मंदिर में प्रवेश करने पर दलित परिवार से मारपीट और जुर्माना वसूलने के आरोपियों को किरकिरी के बाद राजस्व पुलिस ने आखिरकार 15 दिन बाद गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों को सुनौड़ा गांव स्थित बोगीछानी से बृहस्पतिवार की सुबह गिरफ्तार किया गया।
राजस्व पुलिस ने तीनों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद राजस्व पुलिस ने राहत की सांस ली है।
गौरतलब है कि गत 18 नवंबर को कुकुर्शी मंदिर में दर्शन करने के कारण कुछ लोगों ने दलित टीकम सिंह उसकी पत्नी कविता और ससुर दौलतू के साथ मारपीट की थी। मंदिर में प्रवेश करने पर परिवार से 501 रुपये अर्थदंड भी वसूला गया था। पीड़ित परिवार की तहरीर पर राजस्व पुलिस ने आरोपी टीकम निवासी सुनोड़ा, सेमिया और चैतराम निवासी गबेला के खिलाफ गाली-गलौच, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का मुकदमा दर्ज किया था।
राज्यसभा सांसद तरुण विजय ने दिया था दखल
मामले में राज्यसभा सांसद तरुण विजय ने दखल देते हुए पीड़ितों के साथ राज्यपाल से मुलाकात की थी। इसके बाद राजभवन और जिलाधिकारी के हस्तक्षेप के चलते आरोपियों पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और नागरिक अधिकारों का संरक्षण अधिकार की धारा-3 भी लगाई गई थी।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अमर उजाला ने भी कई बार मामले को प्रमुखता से उठाया था। मामले को अमर उजाला ने दो दिसंबर के अंक में ‘डेडलाइन खत्म, नहीं हुई गिरफ्तारी’ शीर्षक से प्रकाशित किया था।
वारदात के बाद से तीनों आरोपी फरार चल रहे थे। दलितों के अधिकारों से जुड़े संगठनों ने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी नहीं होने पर डीएम कार्यालय में धरना प्रदर्शन की चेतावनी भी दी थी।