उत्तराखंड: इस दर्दनाक डकैती की दास्तां पढ़कर कांप जाएगी आपकी रूह, डेढ़ साल की बच्ची को भी नहीं बख्शा
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उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर में डकैतों ने जिस निर्दयता से लूट को अंजाम दिया वह रूह कंपा देने वाला है।
रुद्रपुर की सिंह कॉलोनी में आठ जून को खाद्य विभाग के सहायक विपणन अधिकारी नरेश चौहान के घर में हुई लाखों की लूट का मामला अभी पुलिस सुलझा भी नहीं पाई कि शुक्रवार देर रात (दो बजे से 3:30 बजे के बीच में) गंगापुर रोड की मां सर्वेश्वरी एन्क्लेव में बदमाशों ने एक घर में घुसकर प्राइवेट कंपनी के प्रोडक्शन मैनेजर पंकज श्रीवास्तव की पत्नी की धारदार हथियार से हत्या कर डकैती डाली। हमले में पति और उनकी मासूम बच्ची भी घायल हो गई।
नौकरानी के काम पर आने के बाद घटना का पता चलते ही पुलिस में खलबली मच गई। बदमाश घर से कितना सामान ले गए हैं इसका पता गृह स्वामी के होश में आने पर ही चल पाएगा। इधर, डकैती की सूचना पर एसएसपी, एसपी क्राइम, एसपी सिटी के साथ ही फोरेंसिक और डॉग स्क्वाएड की टीम भी मौके पर पहुंच गई।
घायल पति और बच्ची को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आईजी और नैनीताल एसएसपी ने भी टीम के साथ घटनास्थल का मुआयना किया। वारदात के तरीके से पुलिस हल्द्वानी में हुई घटना और यहां की घटना में एक ही गैंग का हाथ होने का अंदेशा जता रही है।
नौकरानी के आवाज देने के बाद भी दरवाजा नहीं खुला
ट्रांजिट कैंप थाना क्षेत्र में सेंट मेरी स्कूल के पास मां सर्वेश्वरी एन्क्लेव में पंकज श्रीवास्तव (38) पत्नी अपर्णा प्रिया (33), बेटियों पंखुड़ी (7) और अक्षिता (डेढ़ वर्ष) के साथ रहते हैं। पंकज सिडकुल की ईडन मोटर्स लिमिटेड में प्रोडक्शन मैनेजर हैं। उनकी बड़ी बेटी पंखुड़ी कुछ दिनों से उनके घर से करीब ढाई किमी दूर बगवाड़ा में रहने वाले नाना के घर में गई हुई है।
शनिवार सुबह करीब आठ बजे पंकज की नौकरानी शिखा निवासी ठाकुरनगर मकान में आई तो आवाज देने के बाद भी दरवाजा नहीं खुला। मकान की रसोई की खिड़की की ग्रिल और जाली वाला दरवाजा निकला होने पर शिखा को अनहोनी का अंदेशा हुआ और उसने पड़ोस में रहने वाले डीएम के गनर राजेश यादव को बुला लिया।
गनर ने खिड़की के रास्ते अंदर दाखिल होकर कमरे में झांका तो बेड पर अपर्णा लहूलुहान हालत में पड़ी थी, जबकि उनके बगल में अक्षिता और जमीन पर लहूलुहान हालत में पंकज पड़े हुए थे।
गंभीर हालत के चलते आईसीयू में पंकज
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची तो अपर्णा की मौत हो चुकी थी, जबकि पंकज और अक्षिता की सांसें चल रहीं थीं। अपर्णा और पंकज के सिर के पीछे की तरफ गहरी चोट के निशान थे। पुलिस ने आननफानन में पिता-पुत्री को किच्छा रोड स्थित मेडिसिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया। गंभीर हालत के चलते पंकज को आईसीयू में रखा गया है।
सर्वेश्वरी कॉलोनी में वारदात के बाद हत्या की घटना को हल्द्वानी में हुई घटना की ही तरह अंजाम दिया गया है। हल्द्वानी की तरह आइसोलेट एरिया में वारदात की गई है। दोनों वारदातों में एक ही गैंग का हाथ हो सकता है। इस तरह की वारदात छैमार, बावरिया और भातु गैंग के बदमाश करते हैं। एसएसपी ने 11 टीमें खुलासे के लिए लगाई हैं। ऊधमसिंह नगर की पुलिस और नैनीताल पुलिस की संयुक्त टीम काम कर जानकारियों का आदान-प्रदान करेंगी। हल्द्वानी वाली घटना में एक प्वाइंट पर रुके हुए हैं, जिस पर काम चल रहा है।
- पूरन सिंह रावत, आईजी
एसएसपी समेत बड़े अधिकारी मौके पर पहुंचे
सर्वेश्वरी एन्क्लेव कॉलोनी में डकैती और हत्या की सूचना मिलते ही एसएसपी डॉ. सदानंद दाते, एसपी क्राइम कमलेश उपाध्याय, एएसपी देवेंद्र पींचा, स्वतंत्र कुमार और एसओजी टीम ने मौके पर पहुंचकर मुआयना करने के साथ ही पड़ोसियों से घटना के बारे में जानकारी हासिल की। डॉग स्क्वाएड कैटी के अलावा फोरेंसिक टीम ने भी फुट और फिगर प्रिंट एकत्र किए।
दोपहर करीब 12:30 आईजी पूरन सिंह रावत, एसएसपी नैनीताल जन्मेजय खंडूरी, एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव ने भी एसओजी टीम के साथ मौका मुआयना किया। इसके बाद पुलिस कार्यालय में आईजी के साथ दोनों जिलों के अफसरों ने वारदात को सुलझाने को लेकर मंथन किया के साथ ही रणनीति तैयार की।
यह दुस्साहसिक घटना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती है। बदमाशों ने सरिया जैसे हथियार से खिड़की उखाड़ी है और उसी से ही दंपति पर वार किए हैं। अपर्णा के सिर, चेहरे और हाथ पर वार किया गया है, जबकि पंकज के सिर पर वार किया गया है। बच्ची अक्षिता को बेड से गिरने के बाद चोट लगी है। पंकज और अक्षिता की हालत खतरे से बाहर है। घर से कितना सामान बदमाश ले गए हैं, इसकी जानकारी पंकज के होश में आने पर ही मिलेगी। वारदात में किस गैंग का हाथ है, उस तक पहुंचना बड़ी चुनौती है। घटना को डकैती में दर्ज कर खुलासे के प्रयास किए जा रहे हैं।
- डॉ. सदानंद दाते, एसएसपी