बाघ की पांच खालों, हड्डी और नाखून के साथ तस्कर गिरफ्तार, 70 लाख कीमत
- पांच खालें और सवा क्विंटल हड्डियां व नाखून बरामद।
- पांच खालें और सवा क्विंटल हड्डियां व नाखून बरामद।
- पांचों बाघों को खटका लगाकर मारा।
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सभी वन्य जीव तस्कर पंजाब और हरियाणा के रहने वाले हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में खाल, हड्डियां, नाखून की कीमत करीब सत्तर लाख रुपये बताई जा रही है। घटना के बाद कार्बेट पार्क में रेड अलर्ट घोषित कर दिया गया है।
मुखबिर की सूचना पर रविवार रात एसटीएफ की टीम ने एसआई संतोष कुमार शाह की अगुवाई में रवासन नदी पुल के पास से एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया, जबकि उसके चार साथी अंधेरे का लाभ उठाकर भाग निकले। आरोपी के पास से मिले प्लास्टिक के कट्टों से बाघ की पांच खालें, हड्डियां व नाखून बरामद हुए हैं।
एसटीएफ की टीम आरोपी रामचंद्र उर्फ चंदर पुत्र वीरबल निवासी धोसियान बस्ती, बठिंडा (पंजाब) को श्यामपुर थाने ले आई। पूछताछ में रामचंद्र ने अपने साथियों के नाम माडिया उर्फ माडू पुत्र ताराराम, रामभगत पुत्र गंगा राम, मुख्तयार पुत्र बजोरिया निवासी बठिंडा (पंजाब) और हजारी पुत्र प्रताप निवासी कालका (हरियाणा) बताया। एसटीएफ ने इसकी सूचना चिड़ियापुर वन रेंज के अधिकारियों को दी। इसके बाद वन महकमे के अधिकारियों ने भी तस्करों से घंटों पूछताछ की।
पांच माह तक जमीन में दबाकर रखी खाल
एसटीएफ के एसआई संतोष शाह ने इस संबंध में वन्य जीव एक्ट के तहत प्रभावी धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है। एसटीएफ की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पी रेणुका देवी ने बताया कि राज्य में इतनी बड़ी संख्या में बाघ की खाल और हड्डियों की बरामदगी का यह पहला मामला है। खाल की लंबाई 10 से 12 फीट और चौड़ाई छह से सात फीट है। लगता है इन खालों को दो से पांच माह तक जमीन में दबाया गया था।
सौदा तय होने के बाद उन्हें निकालकर ये लोग ले जा रहे थे। उन्होंने एसआई संतोष कुमार शाह, कांस्टेबल वेद प्रकाश भट्ट, महेंद्र सिंह, बृजेंद्र सिंह, संदीप वर्मा, संजय कुमार, लोकेंद्र सिंह, कैलाश नयाल, संतोष कुमार, दीपक भंडारी को पुरस्कृत करने की घोषणा की।
इनका है कहना
घटना के बाद कार्बेट पार्क में रेड अलर्ट घोषित कर दिया है। अभियुक्त को रिमांड में लेने की तैयारी है। पार्क में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है और डॉग स्क्वॉड से कांबिंग की जा रही है।
-समीर सिन्हा, डायरेक्टर, कार्बेट टाइगर रिजर्व
टिहरी में गुलदार की खाल के साथ दबोचा
देहरादून में गुलदार की खाल बेचने जा रहे ग्राम सेमल्थ जखन्याली निवासी कविंद्र लाल (25) पुत्र दर्शन लाल को टिहरी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। बरामद खाल की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत पांच लाख बताई जा रही है। पकड़ा गया युवक सृष्टि जनहित विकास संस्थान घनसाली (नौताड़) का अध्यक्ष बताया जा रहा है। एसपी बीजे सिंह ने पुलिस टीम को ढाई हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
मुखबिर की सूचना पर एक सिपाही ने ग्राहक बनकर कविंद्र से फोन पर बात की तो उसने गुलदार की खाल की कीमत तीन लाख बताई। सौदा तय होने पर ग्राहक बने सिपाही ने उसे जाखधार पहुंचने को कहा। युवक रात साढ़े नौ बजे जाखधार पहुंचा। जहां पहले से एसओजी की टीम तैनात थी।
एसओजी ने कार को हाथ दिया तो उसके अंदर गुलदार की खाल रखी हुई थी। न्यायालय ने उसे वन्य जीव जंतु संरक्षण अधिनियम के तहत 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। एसओजी प्रभारी ने बताया कि बरामद खाल की लंबाई 78.5 इंच है।