जंगल में लटके मिले युवक-युवती, डायरी से खुले कई राज
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जंगल में एक युवक और युवती का शव पेड़ से लटका मिला। साथ ही एक डायरी मिली। जिसे पढ़कर हर कोई चौंक गया। इसमें कई राज से पर्दा खुला।
देहरादून स्थित संतलादेवी मार्ग के जंगल में एक युवक और युवती के शव पेड़ से लटके मिले हैं। दोनों शव एक ही पेड़ पर लटके हुए थे। पुलिस से प्रेम प्रसंग का नतीजा बता रही है। घटना स्थल से पुलिस को सुसाइट नोट भी मिला है। 24 अप्रैल से युवक और युवती घर से लापता थे। युवती दो बच्चों की मां रही है।
डायरी ने खोले राज
शुक्रवार को संतला देवी मन्दिर जाने वाले कुछ लोगों ने जंगल के अंदर पेड़ पर एक युवक और युवती के शवों को पेड़ से लटके देखा। दोनों ने फांसी लगाई थी। लोगों ने इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दी। सूचना पर कैंट थाना पुलिस मौके पर पहुंची। घटनास्थल से पुलिस को एक बैग बरामद हुआ है। बैग को खंगालने पर उसमें से एक डायरी और मोबाइल फोन मिला।
सामान से मरने वाली युवती की शिनाख्त प्रियंका चौहान (26) पत्नी प्रेम सिंह निवासी बड़ोवाला पटेलनगर के रूप में हुई, जबकि मरने वाले युवक की पहचान वीरेंद्र बहादुर (26) पुत्र टेक बहादुर निवासी ग्राम बगौती चकराता के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों मृतकों के परिजनों से संपर्क किया।
पता चला कि प्रियंका का पति प्रेम सिंह कैटरिंग का काम करता है। मृतक वीरेंद्र एक यूनिवर्सिटी के मैस में काम करता है। सीओ सिटी चंद्रमोहन सिंह ने बताया कि मामला आत्महत्या का है। वीरेंद्र के पास से एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें दोनों ने एक दूसरे के प्यार के लिए आत्महत्या करने की बात लिखी है। प्रियंका के दो बच्चे हैं जबकि वीरेन्द्र अविवाहित था।
सुसाइड नोट में पहली मुलाकात से आखिरी समय तक का जिक्र
लड़के ने सुसाइड नोट में लिखा, मम्मी पापा आपने मुझे बहुत प्यार किया, इसलिए मैं बिगड़ गया और मुझे किसी से प्यार हो गया। लेकिन यह प्यार लड़की के परिजनों और उसके पति को पसंद नहीं है। वे हम दोनों को एक साथ देखना नहीं चाहते। इसलिए हम दोनों एक साथ दुनिया छोड़कर जा रहे हैं। सॉरी मम्मी पापा, भाई बहन।
इसके अलावा सुसाइड नोट में प्यार का बायोडाटा भी है। दो पेज के सुसाइड नोट के आखिरी पेज में पहली मुलाकात से लेकर आखिरी समय तक का दिन, तारीख और वर्ष का उल्लेख किया गया है। अंतिम पेज के बीच में दिल का चित्र हाथों से बनाया गया है। जिसके बीच में प्रियंका लव विरेन्द्र लिखा है।