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गैंगरेप-हत्या के दोषियों की सजा पर फैसला 27 को
अमर उजाला, देहरादून
Updated Fri, 24 Jan 2014 05:59 PM IST
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अधेड़ महिला से सामूहिक दुराचार के बाद उसकी हत्या के आरोपी दो युवकों को अदालत ने दोषी करार दिया है। दोनों को 27 जनवरी को सजा सुनाई जाएगी। मामला दिसंबर 2012 में सहसपुर थाना क्षेत्र का है।
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कोर्ट ने दोनो आरोपियों को बृहस्पतिवार को दोषी करार दिया था। जिस पर शुक्रवार 24 जनवरी को फैसला सुनाया जाना था। कोर्ट अब 27 जनवरी को फैसला सुनाएगी।
2012 का है मामला
सहसपुर थाना क्षेत्र के तहत सभावाला की रहने वाली 55 साल की महिला 29 दिसंबर वर्ष 2012 को दोपहर बकरियां चराने जंगल गई थी। मगर देर शाम तक घर नहीं लौटी। इस बीच बकरियां घर आ गईं तो घरवालों ने उसकी खोजबीन शुरू की।
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अभियोजन पक्ष के अनुसार रात आठ बजे उसका शव किनारे झाड़ियों में पड़ा मिला। उसके शरीर पर कपड़े नहीं थे और चोट के कई निशान थे।
छानबीन के बाद पुलिस ने सभावाला के ही मेहताब और सुशील उर्फ भूरा को गिरफ्तार किया। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट अमित कुमार सिरोही की अदालत ने सुनवाई के दौरान दोनों को दोषी करार दिया।
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हो सकती हैं फांसी
अदालत ने दोनों युवकों को 376(2)(g) गैंगरेप, 302 सपठित धारा 34 एक आशय से मृत्युकारित करना और 3(2)(v) एससीएसटी एक्ट के तहत दोषी पाया है।
वरिष्ठ अधिवक्ता चंद्रशेखर तिवारी के मुताबिक इन सभी धाराओं में दोषियों को आजीवन कारावास से लेकर फांसी तक की सजा हो सकती है।
अदालत के बाहर फफक पड़े परिजन
दोषी साबित होते ही आरोपियों के परिजन फफक पड़े। मेहताब की मां ने कहा कि उसके छह बच्चों में मेहताब ही बड़ा है। वह ट्रक क्लीनर है। सुशील के पिता गुलाब सिंह ने कहा उसके बच्चे को झूठा फंसाया गया है। हालांकि दोषियों के चेहरे पर कोई शिकन नहीं थी।