अंधाधुंध फायरिंग से दहली रुड़की जेल, तीन की मौत
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जेल परिसर में मंगलवार करीब पांच बजे अपराधी गिरोहों के खूनी गैंगवार ने पूरे रुड़की क्षेत्र को हिलाकर रख दिया।
सफेद रंग की 'हुंडई वेरना' कार में सवार होकर आए स्वचालित हथियारों से लैस अपराधियों ने जेल परिसर में ही चीनू पंडित और उसके साथियों पर फायरिंग कर दी जिससे चीनू के तीन साथियों की मौके पर ही मौत हो गई और करीब छह लोग घायल हो गए। जिन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है।
फायरिंग के बाद भाग रहे अपराधियों की कार चुड़ियाला से सटे तेज्जुपुर गांव के जंगल में पेड़ से टकराकर पलट गई। जहां पुलिस और ग्रामीणों ने बदमाशों की घेराबंदी कर ली। देर शाम तक घेराबंदी जारी थी।
एसएसपी डॉ. सदानंद दाते और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नितिन सिंह भदौरिया ने घटनास्थल और अस्पताल का निरीक्षण किया। घटना के पीछे रुड़की जेल में ही बंद कुख्यात सुनील राठी के गिरोह का हाथ बताया जा रहा है।
हिस्ट्रीशीटर चीनू पर ताबड़तोड़ फायरिंग
घटनाक्रम के अनुसार, पश्चिमी अंबर तालाब निवासी हिस्ट्रीशीटर चीनू पंडित को पिछले दिनों ग्राम सिकरोढ़ा में एक शादी समारोह में गोली चलाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। मंगलवार को उसे जमानत मिली थी।
शाम करीब पांच बजे चीनू पंडित के भाई मोनू समेत करीब 14-15 साथी उसे लेने जेल में पहुंचे। चीनू सहित ये सभी लोग जेल के मुख्य द्वार की तरफ बढ़े तो सफेद रंग की एक वेरना कार आकर रुकी। कार रुकते ही बदमाशों ने स्वचालित हथियारों से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इससे वहां अफरा-तफरी मच गई।
चीनू और उसके साथी अपने आपको बचाते हुए जेल के अंदर की तरफ भागे, लेकिन तब तक गोली लगने से छह लोग घायल हो गए थे। इन सभी को पुलिस सिविल अस्पताल ले गई, जहां कमालपुर निवासी लोकेंद्र (28) रामनगर रुड़की निवासी रमन मारवाह (27) तथा सुभाषनगर मुजफ्फरनगर निवासी तरुण त्यागी को मृत घोषित कर दिया।
डिप्टी जेलर हत्याकांड से जुड़े हैं तार
वहीं चीनू पंडित के भाई मोनू शर्मा के अलावा ढंडेड़ी ख्वाजगिपुर निवासी प्रवीण सैनी, मक्तूलपुरी रुड़की निवासी संदीप कुमार, गुलावठी बुलंदशहर निवासी संजीव कुमार तथा आदर्श कालोनी मुजफ्फरनगर निवासी राजन घायल हो गए। इन सभी को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है।
गैंगवार के पीछे सुनील राठी और चीनू पंडित गिरोह के बीच सितंबर 2011 में हुई रुड़की के डिप्टी जेलर नरेंद्र सिंह खंपा की हत्या के बाद से चली आ रही रंजिश का परिणाम बताया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि राठी गिरोह के सदस्य चीनू पंडित को टारगेट करने आए थे, लेकिन वो बच गया। एसएसपी डॉ. सदानंद दाते ने बताया कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है।
11 दिन पूर्व गया था चीनू जेल
रुड़की। मामूली बात को लेकर हुए विवाद में गोली चलाने के आरोप में चीनू पंडित एक सप्ताह पूर्व ही जेल गया था। भगवानपुर थाना क्षेत्र के सिकरोढ़ा गांव में 22 जून को एक शादी समारोह में चीनू पंडित गया था।
यहां पर स्थित एक दुकान से सिगरेट लेने को लेकर ऋषिपाल से उसकी नोकझोंक हो गई थी। मामले में ऋषिपाल के भतीजे अनुज ने चीनू पंडित पर फायरिंग किए जाने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था।
भगवानपुर पुलिस ने 25 जुलाई को चीनू पंडित को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।