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झोपड़ी में जिंदा जला दिव्यांग भिखारी
Updated Sat, 30 Dec 2017 01:01 AM IST
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झोपड़ी में जिंदा जला दिव्यांग भिखारी
-- स्वर्गाश्रम में हुई दिल दहला देने वाली घटना
-- पुलिस ने कराया मृतक का अंतिम संस्कार
अमर उजाला ब्यूरो
ऋषिकेश। स्वर्गाश्रम में एक झोपड़ी में आग लगने से दिव्यांग भिखारी की जलकर मौत हो गई। आसपास के लोग झोपड़ी में आग लगते देख मौके पर दौड़े। उन्होंने बाल्टियों से पानी डालकर झोपड़ी में लगी आग पर काबू पाया, जिसके बाद उसमें से दिव्यांग भिखारी के जले शव को बाहर निकाला गया। परिजनों के कहने पर पुलिस ने शव का अंतिम संस्कार कराया।
लक्ष्मणझूला थाना पुलिस के मुताबिक शुक्रवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे स्वर्गाश्रम स्थित वेद निकेतन आश्रम के समीप एक झोपड़ी में आग लग गई। झोपड़ी से धुआं उठता देख आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। आग बुझाने के लिए उन्होंने बाल्टियों से झोपड़ी पर पानी डालकर आग बुझाई। थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार राणा ने बताया कि झोपड़ी में दिव्यांग भिखारी मक्खन दास की जलकर मौत हो गई। बताया कि मृतक की उम्र करीब 65 वर्ष थी। मक्खन दास की पत्नी लक्ष्मी दास ने पूछताछ में बताया कि वह सुबह झोपड़ी में जलते चूल्हे पर चाय बनने के लिए छोड़कर किसी काम से बाजार चली गई थी। इसी दौरान झोपड़ी को आग लग गई। थानाध्यक्ष ने बताया कि मृतक के शव को कब्जे में लेकर उसकी पत्नी के कहने पर अंतिम संस्कार कराया गया।
‘खाकी’ ने दिया मानवीयता का परिचय
ऋषिकेश। स्वर्गाश्रम में शुक्रवार सुबह हुई दर्दनाक घटना में पुलिस की कार्य के स्थानीय लोगों ने काफी सराहना की। पुलिस ने मानवीयता का परिचय देते हुए मृतक भिखारी की पत्नी को लक्ष्मी दास को नई झोपड़ी बनाकर दी। स्थानीय लोगों के सहयोग से उसके लिए खाने-पीने के सामान की व्यवस्था भी की। यही नहीं, मृतक का अंतिम संस्कार भी पुलिस के माध्यम से ही कराया गया।
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-- स्वर्गाश्रम में हुई दिल दहला देने वाली घटना
-- पुलिस ने कराया मृतक का अंतिम संस्कार
अमर उजाला ब्यूरो
ऋषिकेश। स्वर्गाश्रम में एक झोपड़ी में आग लगने से दिव्यांग भिखारी की जलकर मौत हो गई। आसपास के लोग झोपड़ी में आग लगते देख मौके पर दौड़े। उन्होंने बाल्टियों से पानी डालकर झोपड़ी में लगी आग पर काबू पाया, जिसके बाद उसमें से दिव्यांग भिखारी के जले शव को बाहर निकाला गया। परिजनों के कहने पर पुलिस ने शव का अंतिम संस्कार कराया।
लक्ष्मणझूला थाना पुलिस के मुताबिक शुक्रवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे स्वर्गाश्रम स्थित वेद निकेतन आश्रम के समीप एक झोपड़ी में आग लग गई। झोपड़ी से धुआं उठता देख आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। आग बुझाने के लिए उन्होंने बाल्टियों से झोपड़ी पर पानी डालकर आग बुझाई। थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार राणा ने बताया कि झोपड़ी में दिव्यांग भिखारी मक्खन दास की जलकर मौत हो गई। बताया कि मृतक की उम्र करीब 65 वर्ष थी। मक्खन दास की पत्नी लक्ष्मी दास ने पूछताछ में बताया कि वह सुबह झोपड़ी में जलते चूल्हे पर चाय बनने के लिए छोड़कर किसी काम से बाजार चली गई थी। इसी दौरान झोपड़ी को आग लग गई। थानाध्यक्ष ने बताया कि मृतक के शव को कब्जे में लेकर उसकी पत्नी के कहने पर अंतिम संस्कार कराया गया।
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‘खाकी’ ने दिया मानवीयता का परिचय
ऋषिकेश। स्वर्गाश्रम में शुक्रवार सुबह हुई दर्दनाक घटना में पुलिस की कार्य के स्थानीय लोगों ने काफी सराहना की। पुलिस ने मानवीयता का परिचय देते हुए मृतक भिखारी की पत्नी को लक्ष्मी दास को नई झोपड़ी बनाकर दी। स्थानीय लोगों के सहयोग से उसके लिए खाने-पीने के सामान की व्यवस्था भी की। यही नहीं, मृतक का अंतिम संस्कार भी पुलिस के माध्यम से ही कराया गया।
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