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प्राइवेट स्कूल की शिक्षक ने फांसी लगाकर जान दी
Updated Wed, 14 Nov 2018 02:27 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला।
देहरादून। एक महिला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। परिजनों से भी पूछताछ की गई, लेकिन आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया। वह क्षेत्र के एक निजी स्कूल में पढ़ाती थी।
घटना पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र की है। चौकी प्रभारी आईएसबीटी मनमोहन सिंह नेगी ने बताया कि अर्चना पुत्री सुरेश कुमार, संगम विहार में अपने परिवार के साथ रहती थी। उसके पिता एक दवा कंपनी में काम करते हैं। अर्चना दोपहर का खाना खाने के बाद अपने कमरे में चली गई। परिजनों से जानकारी लेने पर पता चला कि वह रोज दोपहर के बाद साढ़े तीन बजे ट्यूशन पढ़ाने जाती थी, लेकिन मंगलवार को कमरे से बाहर नहीं निकली। परिजनों ने उसे आवाज भी लगाई, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं आई। दरवाजा अंदर से बंद था। उसके भाई ने खिड़की से अंदर देखा तो अर्चना पंखे से फंदा लगाकर झूल रही थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उसे नीचे उतारा, लेकिन तब तक अर्चना की मौत हो चुकी थी। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। ब्यूरो
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देहरादून। एक महिला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। परिजनों से भी पूछताछ की गई, लेकिन आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया। वह क्षेत्र के एक निजी स्कूल में पढ़ाती थी।
घटना पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र की है। चौकी प्रभारी आईएसबीटी मनमोहन सिंह नेगी ने बताया कि अर्चना पुत्री सुरेश कुमार, संगम विहार में अपने परिवार के साथ रहती थी। उसके पिता एक दवा कंपनी में काम करते हैं। अर्चना दोपहर का खाना खाने के बाद अपने कमरे में चली गई। परिजनों से जानकारी लेने पर पता चला कि वह रोज दोपहर के बाद साढ़े तीन बजे ट्यूशन पढ़ाने जाती थी, लेकिन मंगलवार को कमरे से बाहर नहीं निकली। परिजनों ने उसे आवाज भी लगाई, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं आई। दरवाजा अंदर से बंद था। उसके भाई ने खिड़की से अंदर देखा तो अर्चना पंखे से फंदा लगाकर झूल रही थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उसे नीचे उतारा, लेकिन तब तक अर्चना की मौत हो चुकी थी। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। ब्यूरो
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