फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Coronavirus in Uttarakhand: Nine oxygen plants to be set up soon in State

उत्तराखंड: सरकार का दावा, लगातार बढ़ाए जा रहे आईसीयू और वेंटिलेटर, जल्द लगेंगे नौ ऑक्सीजन प्लांट 

Sun, 02 May 2021 11:19 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Sun, 02 May 2021 11:19 PM IST
विज्ञापन
Coronavirus in Uttarakhand: Nine oxygen plants to be set up soon in State
ऑक्सीजन सिलिंडर - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो

उत्तराखंड में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण के बीच सरकार लगातार आईसीयू, वेंटीलेटर, ऑक्सीजन की उपलब्धता बढ़ा रही है। दूसरी ओर, 112 पर आ रहीं दवाईयों की कालाबाजारी की शिकायतों पर कड़ी कार्रवाई की जा रही है।

विज्ञापन


सचिव स्वास्थ्य अमित नेगी ने बताया कि कोरोना की रोकथाम के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। एक अप्रैल 2020 को प्रदेश में 216 आईसीयू बेड थे, जबकि एक अप्रैल 2021 को 836 आईसीयू बेड थे, जिनकी संख्या वर्तमान में 1336 हो गई है। पिछले एक माह में ही करीब 500 आईसीयू बेड बढ़ाए गए हैं। 
विज्ञापन


उत्तराखंड में कोरोना: 24 घंटे में 5606 नए संक्रमित मिले, 71 की मौत, 2935 मरीज हुए ठीक 
विज्ञापन
विज्ञापन


पिछले साल एक अप्रैल को 116 वेंटीलेटर थे, जो कि इस साल अप्रैल में 695 हो गए थे, वर्तमान में इनकी संख्या 842 है। पिछले साल एक अप्रैल को ऑक्सीजन बेड 673 थे, इस साल इनकी संख्या 3535 हो गई, जबकि वर्तमान में इनकी संख्या 6002 पर पहुंच चुकी है। एक माह के भीतर ही 2500 ऑक्सीजन बेड बढ़ाए गए हैं।

नेगी ने कहा कि पिछले साल अप्रैल में ऑक्सीजन की खपत आठ मीट्रिक टन थी जो कि इस साल 15 से 20 मीट्रिक टन हो गई। वर्तमान में 100 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की खपत है। जैसे-जैसे ऑक्सीजन बेड की संख्या बढ़ाई जाएगी, ऑक्सीजन की खपत भी बढ़ेगी। हमारे पास इसकी पर्याप्त क्षमता है।

उत्तराखंड: देहरादून, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर में छह मई तक बढ़ा कोरोना कर्फ्यू, दोपहर 12 बजे तक ही खुलेंगी दुकानें

ऑक्सीजन सिलिंडर की संख्या भी बढ़ी
सचिव स्वास्थ्य ने बताया कि प्रदेश में पिछले साल अप्रैल में 1193 टाइप बी ऑक्सीजन सिलिंडर थे, जबकि वर्तमान में इनकी संख्या 9917 पहुंच गई है। यह सभी सिलिंडर अलग-अलग अस्पतालों में ऑक्सीजन की आपूर्ति कर रहे हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि पिछले साल अप्रैल में ऑक्सीजन कन्सन्ट्रेटर्स 275 थे, जो इस साल अप्रैल में 1275 हुए और वर्तमान में 3275 हैं।

नौ जगह जल्द लगेंगे ऑक्सीजन प्लांट

पिछले साल एक अप्रैल को सिर्फ श्रीनगर मेडिकल कॉलेज के पास अपना ऑक्सीजन प्लांट था। इस साल एक अप्रैल से मेला हॉस्पिटल हरिद्वार में था और वर्तमान में छह जगह हो गया है। जिला अस्पताल रुद्रप्रयाग, जिला अस्पताल रुद्रपुर, हेमवती नंदन बहुगुणा अस्पताल हरिद्वार, बेस हॉस्पिटल हल्द्वानी में भी ऑक्सीजन प्लांट संचालित हो रहा है।

इन सभी प्लांट से 2330 लीटर प्रति मिनट ऑक्सीजन की क्षमता सृजित कर ली है। सचिव स्वास्थ्य ने बताया कि प्रदेश में मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी, अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल चमोली, एसडीएच नरेंद्र नगर, जिला अस्पताल अल्मोड़ा, जिला अस्पताल चंपावत, जिला अस्पताल उत्तरकाशी, जिला अस्पताल पिथौरागढ़ सहित नौ जगहों पर जल्द ही ऑक्सीजन प्लांट लग जाएंगे। वहीं, प्रदेश में 13,200 रेमडेसिविर इंजेक्शन लाए जा चुके हैं, जिसमें दो बार स्टेट प्लेन के माध्यम से अहमदाबाद से इंजेक्शन मंगवाए गए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार हर मुमकिन कोशिश कर रही है। जनता का सहयोग भी बहुत जरूरी है।

दो दिन में कालाबाजारी की 147 शिकायतें आईं
आईजी अमित सिन्हा ने दवाओं की कालाबाजारी को लेकर की जा रही कार्रवाई के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि सरकार द्वारा कालाबाजारी रोकने हेतु 112 टोल फ्री नंबर पर भी शिकायत की व्यवस्था की गई है। बीते दो दिन में 147 शिकायतें पुलिस टीम को प्राप्त हुई हैं, जिसके बाद पुलिस टीम द्वारा पल्स ऑक्सीमीटर की ओवर रेटिंग के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है। उन्होंने बताया कि पल्स ऑक्सीमीटर, जीवन रक्षक दवा एवं हॉस्पिटल बेड की कालाबाजारी को लेकर कोई बात सामने आती है तो जल्द उन्हें पकड़ लिया जाएगा। आईजी सिन्हा ने बताया कि पुलिस मास्क ना पहनने वालों के चालान की कार्रवाई कर रही है।

हालांकि लोगों में काफी जागरूकता आई है। वहीं, डीआईजी एसडीआरएफ रिधिम अग्रवाल ने बताया कि एसडीआरएफ द्वारा होम आइसोलेशन में रहने वाले सभी लोगों को फोन कॉल्स किए जा रहे हैं। बीते छह दिन में लगभग 26 हजार लोग होम आइसालेशन में रह रहे थे। एसडीआरएफ की टीम रोजाना लगभग पांच हजार फोन कॉल करती है। उन्होंने बताया कि होम आइसोलेशन में रह रहे मरीजों को किसी प्रकार की दिक्कत सामने आती है तो उनकी संबंधित डॉक्टरों से बात भी कराई जा रही है। बीते दो दिन में 600 से ज्यादा मरीजों की डॉक्टरों से मरीजों की बात कराई जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed