{"_id":"5f40c1e5877ceb56b7077b7c","slug":"coronavirus-in-uttarakhand-latest-news-entrepreneurs-raise-hand-to-conduct-corona-test-of-employees","type":"story","status":"publish","title_hn":"Coronavirus in Uttarakhand : उद्यमियों ने कर्मचारियों का कोरोना टेस्ट कराने से खड़े किए हाथ ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Coronavirus in Uttarakhand : उद्यमियों ने कर्मचारियों का कोरोना टेस्ट कराने से खड़े किए हाथ
Sat, 22 Aug 2020 12:49 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Sat, 22 Aug 2020 12:49 PM IST
विज्ञापन
corona sample
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना की रोकथाम के लिए देहरादून जिला प्रशासन ने औद्योगिक इकाईयों को दस प्रतिशत कर्मचारियों का अनिवार्य रूप से कोविड टेस्ट कराने के आदेश जारी किया है। साथ ही औद्योगिक इकाईयों को प्रतिदिन कोरोना की अपडेट रिपोर्ट देने के भी निर्देश दिए गए हैं। इस पर औद्योगिक संगठन ने आदेश का विरोध किया है।
विज्ञापन
लघु उद्योग भारती संगठन ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कहा है कि इससे कर्मचारियों में भय का माहौल है। जिससे फिर से मजदूरों के पलायन होने की आशंका है। कहा कि औद्योगिक इकाईयां अपने खर्चे पर दस प्रतिशत कर्मचारियों का कोविड टेस्ट कराने में असमर्थ हैं। इसके लिए सरकार ईएसआई को निर्देश दे।
विज्ञापन
संगठन के प्रदेश महामंत्री विजय सिंह तोमर ने पत्र के माध्यम से कहा कि लॉकडाउन की मार से उद्योग धीरे-धीरे पटरी पर आ रहे हैं। जिला प्रशासन की ओर से जारी रोज नए-नए आदेशों से औद्योगिक क्षेत्रों में भय का माहौल बन रहा है। अब प्रशासन ने सभी औद्योगिक इकाईयों को अपने दस प्रतिशत कर्मचारियों का कोविड टेस्ट कराने का आदेश दिया है। बिना किसी कारण से टेस्ट कराने पर कर्मचारियों में भय का माहौल बन रहा है और इससे उनके पलायन की आशंका है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि अगर किसी इकाई में कोरोना मरीज मिलता है तो उस इकाई के कर्मचारियों की जांच होनी चाहिए, यह संगठन भी मानता है, लेकिन दस प्रतिशत कर्मचारियों का अनिवार्य रूप से कोराना टेस्ट संभव नहीं है। अधिकतर इकाईयां अभी तक भी कोरोना के मार से नहीं उभर पाई हैं।
पत्र में उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि प्रभावित इकाईयों में कोरोना जांच के लिए ईएसआई को निर्देशित किया जाए। ईएसआई कर्मचारियों के स्वास्थ्य के लिए अंशदान इकाईयों से लेता है। साथ ही उन्होंने मांग की है कि इस प्रकार के आदेशों पर तत्काल रोक लगाई जाए। जिससे कि भयमुक्त होकर औद्योगिक इकाईयां काम कर सकें।