Coronavirus in Uttarakhand : सर्वे के बाद गांव के बाहर फेंकी पीपीई किट, ग्रामीणों में दहशत
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अलावलपुर गांव में पांच दिन पूर्व एक युवक के पॉजिटिव होने के बाद गांव को पूरी तरह से पाबंद कर दिया था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम के एक डॉक्टर ने गांव का सर्वे कर पीपीई किट को आधा जलाकर गांव के बाहर फेंक दिया। किट को अधजला छोड़ने से ग्रामीण दहशत में आ गए हैं। ग्रामीणों ने सीएमओ हरिद्वार को भी शिकायत की है।
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स्थानीय निवासी राजन, गौरव कुमार, मोहित कुमार, निखिल कुमार आदि ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद गांव को पाबंद कर दिया गया था। गांव को सैनिटाइज कर पूरे गांव में फैमिली सर्वे किया गया था। इस दौरान सर्वे टीम में शामिल कई डॉक्टरों और अन्य कर्मचारियों ने पीपीई किट पहन रखी थी।
पीपीई किट को आधा जलाकर रास्ते में छोड़ दिया
ग्रामीणों ने बताया सर्वे का काम खत्म होने के बाद शुक्रवार की शाम को डॉक्टरों और उनके साथ आए स्टाफ ने गांव के नजदीक ही पीपीई किट को आधा जलाकर रास्ते में छोड़ दिया। गांव में पॉजिटिव केस मिलने और डॉक्टरों की ओर से पीपीई किट को इस प्रकार रास्ते में जलाकर फेंकने से ग्रामीण दहशत में हैं।
वहीं डॉ. जॉर्ज सैमुअल का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में नहीं है। मामले की जांच की जाएगी। अगर स्वास्थ्य विभाग की टीम की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित कर्मचारी के खिलाफ के लिए कार्रवाई की जाएगी।