कोरोना: ठीक होने का मतलब ये नहीं कि दोबारा नहीं हो सकता संक्रमण, सावधानी बरतने की सलाह
इनमें गर्म पानी का नियमित सेवन करना और दैनिक स्तर पर व्यायाम करना शामिल है। एम्स ऋषिकेश के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने ऐसे लोगों के लिए आवश्यक सुझाव दिए हैं।
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कोविड संक्रमण से स्वस्थ होने वाले गम्भीर रोगियों के लिए उपचार के बाद भी कुछ नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है। इनमें गर्म पानी का नियमित सेवन करना और दैनिक स्तर पर व्यायाम करना शामिल है। एम्स ऋषिकेश के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने ऐसे लोगों के लिए आवश्यक सुझाव दिए हैं।
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कोविड-19 से स्वस्थ होने वाले गम्भीर व्यक्ति उपचार के बाद भी अनेक प्रकार के लक्षणों से पीड़ित रहते हैं। ऐसे लक्षणों में थकावट मससूस होना, शरीर मे दर्द, खांसी, गले में खराश होना ओर सांस लेने में तकलीफ होना आदि लक्षण हो सकते हैं। इसके अलावा कोविड से प्रभावित व्यक्ति को स्वस्थ होने के बाद शारीरिक रूप से होने वाली परेशानियों की जानकारी भी सीमित होती है।
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प्रोफेसर वर्तिका सक्सेना ने बताया कि अस्पताल से स्वस्थ होकर घर लौटे व्यक्ति की देखभाल उतनी ही जरूरी है, जितनी अस्पताल में की जाती है। उन्होंने सलाह दी कि ऐसे लोगों को शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ अपने मानसिक स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना चाहिए। बताया कि शारीरिक दुर्बलता की वजह से भी तनाव पैदा होता है और भय, अवसाद दोनों ही हमारे स्वास्थ्य को प्रभावित करते हैं।
ऐसे में तनावमुक्त रहना बहुत जरूरी है। इसके अलावा स्वस्थ होने के बाद भी गर्म,गुनगुने पानी का सेवन करते रहना चाहिए। कोविड से ठीक होने के बाद अस्पताल घर लौटे मरीजों को पर्याप्त मात्रा पानी का सेवन करना जरूरी है। डॉ. वर्तिका ने बताया कि कोविड के दौरान अत्यधिक शीतलपेय अथवा ठंडा पानी नुकसान पहुंचा सकता है। इसके अलावा उन्होंने निम्न बातों पर ध्यान देने की आवश्यकता बताई...
निम्न बातों पर ध्यान देने की आवश्यकता
1- कोविड-19 से बचाव संबंधी सावधानियों का पूर्ण पालन करते रहें। मास्क पहनना, दो गज की शारीरिक दूरी, हाथों और सम्पूर्ण शरीर की स्वच्छता बनाए रखना। यह कभी न भूलें कि किसी भी व्यक्ति को कोरोना संक्रमण दोबारा भी हो सकता है।
2- इम्यूनिटी बढ़ाने वाली दवाओं और फलों का सेवन करें। ऐसे फलों में नींबू, संतरा, कीवी और पपीते को शामिल किया जा सकता है। चिकित्सकीय परामर्श लेकर विटामिन बी, विटामिन सी, जिंक आदि दवाइयां लेते रहें।
3- दैनिकतौर पर न्यूनतम 30 से 45 मिनट हल्का व्यायाम करने की आदत डालें। आप अपनी इच्छानुसार योगाभ्यास व प्राणायाम भी कर सकते हैं। प्राणायाम के दौरान की जाने वाली डीप ब्रीथिंग अत्यंत लाभकारी होती है।
4- अपने डॉक्टर के संपर्क में रहें और घर पर रहते हुए अपने स्वास्थ्य का परीक्षण कराते रहें। एम्स द्वारा जारी टेलिमेडिसिन नंबरों से भी चिकित्सकीय सलाह ली जा सकती है।
5- संतुलित, सुपाच्य व ताजा पका भोजन लें। ज्यादा तला-भुना भोजन न करें।
6- दिन में लगभग 2 घंटे और रात को न्यूनतम 7 से 8 घंटे की भरपूर नींद लें। प्रोन मुद्रा में लेटें।
7- यदि खांसी और गले में खराश की शिकायत हो तो नमक के साथ गर्म पानी से गरारे करें और भाप लेते रहें।
8- मानसिकतौर से अस्वस्थ महसूस करने पर अपने मित्रों व रिश्तेदारों से बात करें। आप अपने जैसे अन्य लोगों को फोन कर उन्हें सलाह दे सकते हैं। ऐसा करने से आप तनावमुक्त महसूस करेंगे।
9- संगीत सुनने और अपनी हॉबी के अनुसार घरेलू कार्यों में व्यस्त रहने से आपको सुकून मिलेगा।
10- तापमान बढ़ने, सांस लेने में कठिनाई होने, चक्कर आने, सीने में दर्द की शिकायत होने अथवा शारीरिक कमजोरी महसूस होेने पर तत्काल चिकित्सकीय परामर्श लें। इन हालातों में व्यायाम न करें।
टेलिमेडिसिन दूरभाष नंबर एम्स ऋषिकेश
1- जनरल मेडिसिन- 7217014335
2- पल्मोनरी मेडिसिन- 7302893024
3- एकीकृत ब्रेस्ट केयर सेंटर- 8791335452
4- बर्न एवम् प्लास्टिक सर्जरी- 8791237706
5- रेडियोथैरेपी- 7417970228
6- मेडिकल ओंकोलॉजी- 8865989205
7- क्लीनिकल हेमोटॉलोजी- 8865989235
8- यूरोलॉजी- 8126542780
9- मनोचिकित्सा-- 9084976174
10- स्त्री रोग- 7060005851
11- दंत रोग- 9619181125