फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Char Dham Yatra 2022: Kedarnath Dham Door closing Process starts from today

Char Dham Yatra 2022: कल बंद होंगे केदारनाथ के कपाट, विधि विधान के साथ सभामंडप में विराजमान हुई बाबा की डोली

Wed, 26 Oct 2022 03:13 PM IST
अलका त्यागी संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्रप्रयाग
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्रप्रयाग Published by: अलका त्यागी Updated Wed, 26 Oct 2022 03:13 PM IST
सार

Char Dham Yatra 2022 Kedarnath News: गुरुवार को कपाट बंद होने के बाद छह माह बाबा केदार की पूजा ओंकारेश्वर मंदिर में होगी। भगवान केदारनाथ के कपाट शीतकाल के लिए बृहस्पतिवार को सुबह 8:30 बजे बंद किए जाएंगे।

विज्ञापन
Char Dham Yatra 2022: Kedarnath Dham Door closing Process starts from today
केदारनाथ धाम के कपाट बंद होन की प्रक्रिया शुरू - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भैयादूज पर शीतकाल के लिए भगवान केदारनाथ धाम के कपाट बंद किए जाएंगे। इससे पहले आज सुबह 11 बजे केदारनाथ में कपाट बंद करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। बाबा केदार की भोग मूर्तियों को चल उत्सव विग्रह डोली में विराजमान किया गया। इसके उपरांत विधि विधान से बाबा की डोली को मंदिर के सभामंडप में विराजमान किया गया है।

विज्ञापन

Kedarnath Dham: स्वर्णमंडित हुई केदारनाथ मंदिर के गर्भगृह की दीवारें, 550 सोने की परतों से दिया गया भव्य रूप

विज्ञापन
गुरुवार को कपाट बंद होने के बाद छह माह बाबा केदार की पूजा ओंकारेश्वर मंदिर में होगी। भगवान केदारनाथ के कपाट शीतकाल के लिए बृहस्पतिवार को सुबह 8:30 बजे बंद किए जाएंगे। बाबा की चल उत्सव विग्रह डोली शीतकालीन गद्दीस्थल के लिए प्रस्थान करते हुए रात्रि प्रवास के लिए रामपुर पहुंचेगी। 28 को डोली विश्वनाथ मंदिर गुप्तकाशी में विश्राम करेगी और 29 को डोली ओंकारेश्वर मंदिर में विराजमान होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


सोनप्रयाग होते हुए बाबा केदार की चल उत्सव विग्रह डोली अपने पहले पड़ाव रामपुर में रात्रि प्रवास करेगी। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के ईओ रमेश चंद्र तिवारी ने बताया कि कपाट बंद करने की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 
 

19 नवंबर को बंद होंगे बदरीनाथ धाम के कपाट

बदरीनाथ धाम के कपाट मीन लग्न में 19 नवंबर को अपराह्न 3:35 बजे शीतकाल के लिए बंद किए जाएंगे। 20 नवंबर को आदि गुरु शंकराचार्य की गद्दी, कुबेर और उद्धव की उत्सव डोली धाम से अपने शीतकालीन प्रवास स्थल पांडुकेश्वर के लिए प्रस्थान करेगी। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed