केदारनाथ धाम के लिए नौ अक्तूबर से शुरू होगी हेली सेवा, ऑनलाइन टिकट बुकिंग शुरू, ई-पास जरूरी नहीं
- छह को डीजीसीए की टीम करेगी सिरसी, फाटा व गुप्त काशी हेलीपैड का निरीक्षण
- उत्तराखंड सिविल एविएशन अथॉरिटी ने शुरू की ऑनलाइन टिकट बुकिंग
- हेली सेवा संचालन की एसओपी जारी, ई-पास के लिए नहीं कराना पड़ेगा पंजीकरण
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केदारनाथ धाम के लिए नौ अक्तूबर से हेली सेवा का संचालन शुरू किया जाएगा। छह अक्तूबर को डीजीसीए की टीम गुुप्त काशी, सिरसी और फाटा हेलीपैड का निरीक्षण करेगी। जिसमें सुरक्षा इंतजाम और यात्रियों की सुविधाओं के लिए व्यवस्थाओं का जायजा लिया जाएगा।
डीजीसीए की हरी झंडी के बाद नौ अक्तूबर से यात्री हेली सेवा से केदारनाथ के दर्शन करने जा सकते हैं। उत्तराखंड सिविल एविएशन अथॉरिटी (यूकाडा) ने हेली टिकटों की ऑनलाइन बुकिंग शुरू कर दी है।
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प्रसिद्ध केदारनाथ धाम के लिए जल्द ही हेली सेवा शुरू होने वाली है। उकाडा ने हेली सेवा संचालन की एसओपी जारी करने के साथ ही तैयारियां पूरी कर ली है। सिरसी, फाटा, गुप्त काशी से नौ एविएशन कंपनियां हेली सेवा का संचालन करेंगी।
एसओपी के अनुसार हेली सेवा से केदारनाथ जाने वाले यात्रियों के लिए ई-पास की अनिवार्यता नहीं होगी। देवस्थानम बोर्ड ने चारधाम में प्रतिदिन दर्शन के लिए यात्रियों के जो संख्या निर्धारित की है, उसमें हेली सेवा से आने वाले यात्रियों की संख्या शामिल नहीं होगी। हेली सेवा से जाने वाले यात्रियों की थर्मल स्क्रीनिंग, स्वास्थ्य परीक्षण के जांच की व्यवस्था एविएशन कंपनियों के माध्यम से की जाएगी।
ये रहेगा हेली सेवा का किराया
केदारनाथ के लिए तीन स्थानों से प्रति यात्री किराया निर्धारित किया गया है। जिसमें गुप्त काशी से 3875 रुपये, फाटा से 2360, सिरसी से 2340 रुपये प्रति निर्धारित किया है।
हेली सेवा संचालन के लिए एसओपी जारी कर दी गई है। डीजीसीए की ओर से निरीक्षण करने के बाद नौ अक्तूबर से हेली सेवा शुरू होगी। हेली टिकटों के लिए ऑनलाइन बुकिंग शुरू कर दी गई है।
-आशीष चौहान, सीईओ, उत्तराखंड सिविल एविएशन अथॉरिटी