देहरादून: पर्यटकों की कार खाई में गिरी, सहारनपुर और मुजफ्फरनगर के 5 युवकों की मौत
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चकराता घूमने जा रहे पर्यटकों की कार कालसी-चकराता मोटर मार्ग पर अनियंत्रित होकर चामड़चील के पास 300 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में कार सवार पांच युवकों की मौत हो गई।
रविवार सुबह सड़क से गुजर रहे युवकों ने घटना की जानकारी कालसी थाना पुलिस के साथ ही तहसील प्रशासन को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने एसडीआरएफ और फायर सर्विस की टीम की मदद से शवों को बाहर निकाला।
मृतकों में तीन लोग सहारनपुर और दो मुजफ्फरनगर जिले के रहने वाले थे। सभी मृतकों का सीएचसी विकासनगर में पोस्टमार्टम किया गया। जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। सीओ बीएस धोनी और तहसीलदार केडी जोशी ने भी घटना स्थल का निरीक्षण किया।
जानकारी के अनुसार सुबह करीब 7 बजे चकराता मार्ग पर चामड़चील के पास से गुजर रहे कुछ युवकों ने सड़क से नीचे एक कार का बंपर पड़ा देखा। बंपर पर हरियाणा का नंबर लिखा हुआ था। उन्होंने खाई में झांक कर देखा तो कुछ भी नजर नहीं आया। दुर्घटना का अंदेशा जताते हुए उन्होंने घटना की जानकारी पुलिस के साथ ही तहसील प्रशासन को दी।
ये हैं मृतकों के नाम
सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने एसडीआरएफ और फायर सर्विस की मदद से खाई में उतरकर देखा तो वहां पर एक कार के पूरी तरह से परखच्चे उड़े हुए थे। कार के ही आसपास पांच शव क्षत-विक्षत अवस्था में पड़े थे।
इसके बाद पुलिस ने कड़ी मशक्कत से पांचों शवों को खाई से बाहर निकाला। थानाध्यक्ष विपिन बहुगुणा ने बताया कि मृतकों की शिनाख्त गौरव त्यागी (35) पुत्र जसपाल त्यागी, दीपक तोमर (34) पुत्र कालूराम तोमर, वीरेंद्र सिंह (34) पुत्र राम किशन सभी निवासी जनकपुरी सहारनुपर, सचिन (30) पुत्र राकेशपाल निवासी बसेड़ा मुजफ्फरनगर और शक्ति ठाकुर पुत्र रामपाल (31) निवासी दिलेडा सोंठा थाना मंसूरपुर मुजफ्फरनगर के रूप में हुई।
पांचों कार में सवार होकर चकराता घूमने जा रहे थे। सीओ बीएस धोनी ने बताया कि दुर्घटना के कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं। संभवत: कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में गिरी होगी।
...तो शुक्रवार को हुआ हादसा
हादसे के बाद से ही यह कयास लगाए जा रहे थे कि हादसा बीते शनिवार की देर शाम को हुआ होगा, लेकिन घटना के बाद मौके पर पहुंचे मृतकों के परिजनों ने बताया कि उनकी आखरी बार युवकों से फोन पर बीते शुक्रवार शाम 7 बजे बात हुई थी।
इसके बाद से ही पांचों युवकों के फोन बंद हो गए। इसके बाद से यह अंदेशा लगाया जा रहा है कि हादसा शुक्रवार की देर रात को हुआ होगा। हादसे के बाद ही पांचों के फोन बंद हुए होंगे। घाटी के अधिक गहरा और सघन होने के कारण लोगों की नजर खाई में गिरी कार पर नहीं पड़ सकी होगी।
रविवार की सुबह किसी तरह लोगों की नजर कार के बंपर पर गई। इसके बाद उन्होंने घटना की जानकारी पुलिस को दी। सीओ बीएस धोनी ने बताया कि परिजनों से वार्ता के बाद इस बात का पता चला है कि हादसा बीते शनिवार को नहीं शुक्रवार को हुआ।