सीए फाइनल ईयर का रिजल्ट घोषित, देहरादून के युवाओं का जलवा
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इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट इंडिया (आईसीएआई) ने मंगलवार को सीए फाइनल ईयर का रिजल्ट घोषित कर दिया है, जिसमें दून के युवाओं का जलवा रहा। सीए बने युवाओं का कहना है कि मेहनत और लगन से किए गए प्रयास हमेशा सफल होते हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अभिभावकों, शिक्षकों व दोस्तों को दी। वहीं, होनहारों के प्रदर्शन से परिजन भी गदगद हैं।
मूलरूप से पौड़ी निवासी रविंद्र चौहान ने बताते हैं कि उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई सरस्वती शिशु मंदिर से की। इसके बाद लैंसडौन स्थित आर्मी स्कूल से 12वीं की। फिर सीए की पढ़ाई की। रविंद्र के पिता चित्रा सिंह सेना में हैं, जबकि माता सरस्वती देवी गृहणी हैं। वह खुद का बिजनेस करना चाहते हैं। साथ ही गांव के विकास में योगदान देने की इच्छा रखते हैं।
माता-पिता के मार्गदर्शन के कारण ही सफलता मिली
जोगीवाला में रहने वाली प्राची भट्ट कहती हैं कि सीए बनकर अच्छा लग रहा है। पढ़ाई सेंट जोजफ स्कूल से की। पिता सुनील भट्ट उत्तरांचल ग्रामीण बैंक में मैनेजर हैं, जबकि माता हेमलता भट्ट शिक्षा विभाग में उपनिदेशक हैं। उनका कहना है कि माता-पिता के मार्गदर्शन के कारण ही सफलता मिली है। उनकी प्राथमिकता जॉब करना है।
मोती बाजार निवासी समनदीप सिंह वाधवा कहते हैं कि मेहनत साकार हो गई। पिता गुरविंदर सिंह बिजनेसमैन हैं व माता सुरेंदर कौर टीचर हैं। समन का कहना है कि शुरुआत में जॉब के बाद वह किसानों के लिए कार्य करेंगे। आज भी किसान जानकारी के अभाव में योजनाओं का लाभ नहीं उठा पाते हैं। मेरे क्षेत्र से संबंधित जो मदद होगी, वह करूंगा।