{"_id":"d9d1b595943ffe6a1559a2730b52dc16","slug":"budget-for-uttarakhand-disaster-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आपदा राहत के कार्य कराकर मुसीबत में फंसी उत्तराखंड सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आपदा राहत के कार्य कराकर मुसीबत में फंसी उत्तराखंड सरकार
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
Updated Wed, 30 Dec 2015 12:11 PM IST
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आपदा राहत के तहत करोड़ों रूपए के कार्य कराकर उत्तराखंड सरकार मुसीबत में फंस गई है। केंद्र से आपदा राहत के तहत भारी भरकम बजट मिलने की उम्मीद में सरकार ने आपदा प्रभावित इलाकों में करोड़ों की लागत से निर्माण कार्य करा दिए।
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लेकिन अब जबकि केंद्र स्वीकृत बजट के आवंटन में देरी या आनाकानी कर रहा है तो न सिर्फ सरकार व शासन के आला अफसर भारी पशोपेश में हैं।
शासन से जुड़े सूत्रों की मानें तो निजी निर्माण एजेंसियों की मदद से बाढ़ नियंत्रण कार्यक्रम व आपदा प्रभावित क्षेत्रों में विशेष पैकेज के तहत बाढ़ सुरक्षा योजनाओं के तहत कार्य निर्माण कार्य करा लिए गए। लेकिन अब जबकि केंद्र ने बजट में भारी कटौती कर दी है या फिर बजट आवंटन में देरी हो रही है तो सरकार के समक्ष वित्तीय संकट खड़ा हो गया है।
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दूसरी ओर निर्माण कार्यों पर हुए खर्च का भुगतान नहीं होने पर अब निर्माण एजेंसियां कोर्ट जाने की तैयारी कर रही है। गनीमत है कि अभी किसी एजेंसी ने कोर्ट का दरवाजा नहीं खटखटाया है।
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वहीं बजट की कमी से पैदा हुए वित्तीय संकट के निराकरण को लेकर आला अफसर केंद्र के अफसरों के साथ लगातार लिखापढ़ी कर रहे हैं। लेकिन केंद्र से आश्वासन मिलने के अलावा कुछ खास सफलता हाथ नही लगी है। अलबत्ता केंद्र ने कुछ बजट आवंटित किया है जो बेहद कम है।
दूसरी ओर सचिव सिंचाई आनंदवर्धन का कहना है कि हां यह सही है कि केंद्र से बजट आवंटन की प्रत्याशा में निर्माण कार्य करा लिए गए है। निर्माण एजेंसियों को भुगतान करना है। लेकिन इतना बजट नहीं है कि निर्माण एजेंसियों का भुगतान किया जा सके।
बजट को लेकर केंद्र के अफसरों से लगातार लिखापढ़ी की जा रही है। बजट आवंटन का आश्वासन भी मिला है। लेकिन कब मिलेगा इसकी कोई तिथि नहीं निर्धारित की गई है। बजट मिलते ही निर्माण एजेंसियों को भुगतान कर दिया जाएगा।