भाजपा के 'जनता दरबार' में हुआ कुछ ऐसा कि मंत्रियों के छूट गए पसीने, सियासी गलियारों में मचा हड़कंप
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भाजपा प्रदेश मुख्यालय में कैबिनेट मंत्री के नेतृत्व में चल रहे जनता दरबार में अचानक कुछ ऐसा हो गया कि वहां हड़कंप मच गया। हालात देख मंत्री के भी पसीने छूट गए।
शनिवार को मंत्री सुबोध उनियाल के जनता मिलन कार्यक्रम में को उस वक्त सनसनी फैल गई, जब एक ट्रांसपोर्टर ने आकर कहा कि उसने जहर खा लिया है। ट्रांसपोर्टर ने कहा कि नोटबंदी और जीएसटी ने उसे बर्बाद कर दिया है।
आनन-फानन में जनता मिलन कार्यक्रम की रंगत बदल गई और भाजपाई सकते में आ गए। मंत्री की गाड़ी से भाजपा नेताओं ने तुरंत उसे दून हॉस्पिटल पहुंचाया। बाद में उसे मैक्स हॉस्पिटल रेफर किया गया।
दूसरी तरफ, दून हॉस्पिटल प्रशासन ने जहर की पुष्टि नहीं की है। हॉस्पिटल प्रशासन का कहना है कि ट्रांसपोर्टर के ब्लड सैंपल लेकर उसे फॉरेंसिक जांच के लिए पुलिस को सौंप दिया गया है।
भाजपा प्रदेश मुख्यालय में शनिवार को दोपहर डेढ़ बजे जनता मिलन कार्यक्रम शुरू हुआ। कार्यक्रम शुरू हुए आधा घंटा भी नहीं गुजरा था, कि काठगोदाम-हल्द्वानी निवासी ट्रांसपोर्टर प्रकाश पांडेय हाथ में ज्ञापन लेकर वहां पहुंच गया। उसने रोना-चिल्लाना शुरू कर दिया। उसने बताया कि वह सिद्धिविनायक ट्रांसपोर्ट कंपनी का मालिक है।
इस बीच, उसने मंत्री की टेबल पर कुछ पाउच-रैपर रखकर बताया कि उसने जहर खा लिया है। यह सुनते ही वहां सनसनी फैल गई। मंत्री सुबोध उनियाल ने तुरंत उसे हॉस्पिटल ले जाने के लिए कहा। भाजपा प्रदेश सह मीडिया प्रभारी शादाब शम्स और अन्य लोग उसे लेकर तुरंत दून हॉस्पिटल पहुंच गए।
इस दौरान, उसने कई बार उल्टियां कीं और उसका बीपी लो हो गया। आईसीयू में उसका उपचार किया गया। बाद में उसकी हालत को देखते हुए उसे मैक्स हॉस्पिटल भर्ती करा दिया गया।
मुख्यमंत्री के ओएसडी ऊर्बादत्त भट्ट ने मैक्स हॉस्पिटल में पांडेय से मुलाकात के बाद दावा किया कि उसकी हालत ठीक है। हालांकि पूर्व विधायक राजकुमार का कहना है कि पांडेय की हालत गंभीर है।
दूसरी तरफ, कुमाऊं से प्रकाश पांडेय के रिश्तेदारों और परिचितों के दून के लिए रवाना होने की खबर है। बताया जा रहा है कि मूल रूप से पांडेय जागेश्वर-अल्मोड़ा का रहने वाला है। काठगोदाम-हल्द्वानी में उसका अपना घर है।
पत्नी और दो बच्चे हैं। इधर, पांडेय को हॉस्पिटल ले जाने वाले भाजपा नेता शादाब शम्स के अनुसार, प्रकाश पांडेय का ये भी कहना है कि मंत्री के सामने आने से पौन घंटा पहले उसने जहर खाया था।
जब से भाजपा की सरकार आई, मैं कर्जदार हो गया...
जब से भाजपा की सरकार आई, मैं कर्जदार हो गया...
- जब से भाजपा की सरकार आई है, मैं कर्जदार हो गया हूं। पिछले पांच-छह महीने से सरकार के चक्कर काट रहा हूं, मगर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। सीएम बेकार है। किसी की सुनने को तैयार नहीं है। नोटबंदी और जीएसटी ने मुझे बर्बाद कर दिया है। मैने जहर खा लिया है। मेरे जैसे तमाम लोग परेशान है। सरकारी पेमेंट नहीं हो रही है।
- प्रकाश पांडेय, मालिक सिद्धिविनायक ट्रांसपोर्ट कंपनी
‘जहर’ पर किसने क्या कहा
- ट्रांसपोर्टर की समस्या की बात बाद में है, पहले उसे उपचार दिया जाना जरूरी था, इसलिए उसे मैंने अपनी गाड़ी से हॉस्पिटल पहुंचवाया। बिजनेस में नुकसान पर इस तरह का कदम कायरता है। जिस तरह की वह बात कर रहा है, उसमें यह आभास होता है कि वह पूर्वाग्रह से ग्रस्त है। वह अपनी बात सही ढंग से रखता, तो मदद की जाती।
- सुबोध उनियाल, कैबिनेट मंत्री
- जब प्रकाश पांडेय को हॉस्पिटल में लाया गया, उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। हार्ट की भी प्राब्लम थी और बीपी लो हो रहा था। उसके साथ आए लोगों ने मैक्स हॉस्पिटल ले जाने की इच्छा जताई, तो उसे रेफर कर दिया गया। उसके ब्लड के सैंपल लेकर उसे फॉरेंसिक जांच के लिए पुलिस को दे दिया गया है। जहर खाया गया है या नहीं, यह फॉरेंसिक जांच के बाद ही पता चलेगा।
- डॉ.केके टम्टा, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक, दून हास्पिटल