रामदेव के लिए हनीमून वाला बयान बना आफत
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मोदी को प्रधानमंत्री बनाने के लिए देश भर में अलख जगाते घूम रहे योग गुरु बाबा रामदेव का शनिवार को रुड़की में हुई भाजपा की रैली में कोई नामलेवा भी नहीं था।
खास बात यह है कि अपनी कर्मभूमि हरिद्वार में ही मोदी ने बाबा का संज्ञान नहीं लिया। मुसलिमों पर भी मोदी का जरूरत से कम ही फोकस रहा।
राजनीतिक विश्लेषकों की माने तो राहुल पर दलितों से संबंधित टिप्पणी करने वाले योगगुरु से भाजपा फिलहाल दूरी बनाकर रखना चाहती है।
क्योंकि भाजपा इस समय बाबा की कीमत पर समुदाय विशेष की नाराजगी मोल लेने का जोखिम नहीं ले सकती। शायद इसीलिए मोदी ने बाबा से परहेज किया।
जगह-जगह डॉ. भीमराव अंबेडकर के पोस्टर
आजकल अपनी रैलियों में अक्सर मुस्लिमों के बारे में बोलने वाले नरेंद्र मोदी जिले के मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्र रुड़की में बोलते समय उनके बारे में कुछ नहीं बोले।
अपने जबर्दस्त पैरोकार योगगुरु बाबा रामदेव के विवादित बयान के बाद पहली बार उनकी कर्मभूमि में आए मोदी ने उनके बारे में भी कोई शब्द नहीं बोला।
मुस्लिमों को लाने के लिए मशक्कत
नरेंद्र मोदी की रैली में मुस्लिमों को लाने के लिए भाजपाइयों ने काफी मशक्कत की थी। कई दिन से मुस्लिम बाहुल्य इलाकों में टोलियां लगाई गई थी।
अल्पसंख्यक आए तो लेकिन उम्मीद के अनुरूप नहीं। मोदी जब बोलने लगे तो लोगों को उम्मीद थी कि वे अल्पसंख्यकों के बारे में बोलेंगे लेकिन अंत तक वे एक शब्द भी नहीं बोले।
उस मामले में भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चे के कार्यकारी प्रदेश संयोजक राव शमशाद ने कहा कि संभवतया मोदी इस विषय को बोलना भूल गए होंगे लेकिन इससे मुसलमान मायूस नहीं हैं। सभी लोग विकास चाहते हैं इसलिए मुसलमान मोदी के साथ हैं।
रामदेव की गिरफ्तारी को आज से भूख हड़ताल
रामदेव की गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज विश्व दलित परिषद की प्रधान विद्या गौतम ने चार मई से हरिद्वार में भूख हड़ताल का ऐलान किया है।
साथ ही अन्य प्रदेशों में भी धरने-प्रदर्शन की चेतावनी दी गई है। शनिवार को इस संबंध में परिषद की बैठक आयोजित की गई, जिसमें आंदोलन की रणनीति पर विचार विमर्श किया गया।
कबीर आश्रम में आयोजित विश्व दलित परिषद की बैठक में पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश के पदाधिकारियों ने भाग लिया। सभी पदाधिकारियों ने अपने-अपने प्रदेशों में भूख हड़ताल की रणनीति बनाई।
विद्या गौतम ने कहा कि वह रामदेव की गिरफ्तारी के लिए एसएसपी हरिद्वार और मुख्यमंत्री हरीश रावत से मिल चुकी हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सिर्फ बहकाने का काम करते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक रामदेव की गिरफ्तारी नहीं होगी, तब तक वह भूख हड़ताल करेंगी।