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अवैध खनन पर दो पूर्व मंत्रियों के पट्टे सीज
अमर उजाला, हरिद्वार
Updated Sat, 15 Feb 2014 09:19 PM IST
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हरिद्वार में एंटी माइनिंग टीम ने शनिवार को अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो पूर्व मंत्रियों के खनन पट्टे सीज कर दिए हैं।
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सीज किए गए पट्टों में एक पूर्व राजस्व मंत्री दिवाकर भट्ट की पुत्रवधू के नाम पर था। वहीं दूसरा पट्टा एनडी तिवारी सरकार में राज्य मंत्री का दर्जा प्राप्त श्रीकांत वर्मा का है।
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तीन दिनों से चल रही मुहिम
एंटी माइनिंग फोर्स लगातार तीन दिनों से अवैध खनन के खिलाफ मुहिम चलाए हुए है। इसके पहले शुक्रवार को फोर्स ने चिड़ियापुर में दो खनन पट्टों की पैमाइश कराई थी। क्षेत्र में अवैध खनन सामग्री का भंडारण भी मिला था।
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फोर्स के सीईओ डीआईजी संजय गुंज्याल ने बताया कि खनन के दोनों पट्टों पर अवैध खनन किए जाने की बात सामने आई है। दोनों पट्टों को सीज किया जाएगा।
खनन सामग्री का भंडारण मिला
उन्होंने बताया कि क्षेत्र में अवैध खनन सामग्री का भंडारण भी मिला है। उसकी जांच कराई जा रही है। एंटी माइनिंग फोर्स ने इससे पहले बृहस्पतिवार को छापा मारकर चिड़ियापुर क्षेत्र से खनन सामग्री से लदे 124 ओवरलोड ट्रक और डंपर पकड़े थे। जेसीबी और पौकलेन मशीन भी पकड़ी थी।
माफिया में हड़कंप
अवैध खनन के खिलाफ एंटी माइनिंग फोर्स की लगातार तीसरे दिन कार्रवाई से खनन माफिया में हड़कंप मचा है। बिशनपुर कुंडी, भोगपुर, और लालढांग आदि क्षेत्रों में बेखौफ होकर चल रहे अवैध खनन पर इन दो दिनों में लगाम लगी है।
प्रशासन को क्यों नहीं दिखता अवैध खनन
एंटी माइनिंग फोर्स जब भी हरिद्वार में छापा मारती है बड़े पैमाने पर अवैध खनन पकड़ा जाता है। इससे बड़ी हद क्या हो सकती है कि एक जगह से ही सैकड़ों खनन सामग्री से भरे वाहन पकड़े जाते हैं।
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पूरे जिले का हिसाब लगाएं तो हर रोज हजारों वाहनों से अवैध खनन हो रहा है लेकिन यहां बड़ा सवाल उठता है कि स्थानीय प्रशासन को अवैध खनन क्यों दिखाई नहीं देता है।