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अमर उजाला एक्सक्लूसिव : उत्तराखंड सरकार ने केंद्रीय विश्वविद्यालय से अटैच 18 कालेजों पर कसा शिकंजा
Mon, 26 Oct 2020 10:33 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
बिशन सिंह बोरा , अमर उजाला, देहरादून
बिशन सिंह बोरा , अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Mon, 26 Oct 2020 10:33 AM IST
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hnb university
प्रदेश सरकार ने एचएनबी केंद्रीय विश्वविद्यालय से संबद्ध 18 कालेजों पर शिकंजा कस दिया है। सहायता प्राप्त इन कालेजों को हर साल अनुदान के रूप में दी जा रही सौ करोड़ की सहायता पर रोक लग सकती है। मामले में मुख्य सचिव की अध्यक्षता में कमेटी गठित की गई है जो समस्त प्रशासनिक, वित्तीय, प्रबंधन, नियुक्ति, ट्रांसफर आदि पहलुओं की पड़ताल कर सरकार को रिपोर्ट सौंपेगी।
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उच्च शिक्षा विभाग के अधिकारियों के मुताबिक सहायता प्राप्त कालेज एचएनबी गढ़वाल विश्वविद्यालय के केंद्रीय विश्वविद्यालय बनने से पहले यूपी स्टेट यूनिवर्सिटी एक्ट 1973 के तहत चल रहे थे। वर्ष 2009 में गढ़वाल विश्वविद्यालय केंद्रीय विश्वविद्यालय बन गया।
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इसके बावजूद सहायता प्राप्त कालेजों को लगातार राज्य सरकार की ओर से अनुदान दिया जा रहा है। लेकिन मामला तब बिगड़ा जब सरकार की ओर से कुछ मामलों में दिए गए दिशा-निर्देशों पर महाविद्यालयों ने केंद्रीय विश्वविद्यालय से संबद्धता का हवाला देते हुए उन पर अमल नहीं किया।
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इस पर केंद्रीय विश्वविद्यालय से अटैच सहायता प्राप्त महाविद्यालयों को अनुदान के संबंध में फाइल न्याय विभाग को भेजी गई तो पता चला कि इस तरह के कालेजों को अनुदान दिए जाने की एक्ट में कोई व्यवस्था नहीं है। जिसके बाद सभी पहलुओं की पड़ताल के लिए मुख्य सचिव ओम प्रकाश की अध्यक्षता में कार्मिक, न्याय, वित्त सचिव एवं प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा को सदस्य नामित करते हुए समिति गठित की गई है। समिति इस पर भी अपनी रिपोर्ट देगी कि इन कालेजों को अनुदान दिया जाए या टोकन मनी।
प्रदेश में केंद्रीय विश्वविद्यालय से संबद्ध कालेज केंद्र के नियमों से चल रहे हैं। जबकि इनके शिक्षकों के वेतन के रूप में राज्य सरकार हर साल करोड़ों रुपये अनुदान दे रही है। राज्य सरकार के निर्देश भी न मानें और वेतन भी राज्य सरकार से लें। यह दोनों चीजें एक साथ नहीं हो सकती।
-डा.धन सिंह रावत, उच्च शिक्षा राज्य मंत्री
यह केवल हठधर्मिता वाली बात है। सरकार यदि एक आदेश जारी कर इन कालेजों को राज्य विश्वविद्यालय से संबद्ध कर दे तो इससे इन कालेजों के शिक्षकों और कर्मचारियों को कोई फर्क नहीं पड़ता।
-डा. देवेंद्र त्यागी, महामंत्री गढ़वाल विश्वविद्यालय शिक्षक संघ
केंद्रीय विश्वविद्यालय से संबद्ध कुछ कालेज
डीएवी पीजी कालेज देहरादून, डीबीएस कालेज देहरादून, एमकेपी कालेज देहरादून, डीडब्लूटी कालेज देहरादून। एसजीआरआर कालेज, एमपीजी कालेज मसूरी, स्वामी चिन्मयानंद कालेज हरिद्वार, एसएमजेएन कालेज हरिद्वार, महिला सतीकुंड महाविद्यालय हरिद्वार, एसडीपीजी कालेज रुड़की, केएलडीएवी कालेज रुड़की, बीएसएम कालेज रुड़की, आरएमपी कालेज रुड़की, चमनलाल डिग्री कालेज लक्सर, हर्ष विद्या मंदिर रायसी, राठ महाविद्यालय पैठाणी आदि कालेज।