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चीन के खिलाफ तिब्बती संगठनों ने निकाला षांति मार्च।
Updated Sun, 11 Mar 2018 02:04 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/मसूरी।
तिब्बती संगठनों ने शनिवार को चीन की दमनकारी नीतियों के खिलाफ मसूरी में शांति मार्च निकाला। इसके बाद केंद्रीय एवं क्षेत्रीय तिब्बती एसोसिएशन के बैनर तले आयोजित कार्यक्रम के दौरान तिब्बत को आजाद करने की मांग रखी गई और चीन के खिलाफ विरोध प्रकट किया गया। इस दौरान तिब्बती संगठनों ने सुख-दुख में एक हो जाओ का नारा देकर स्वतंत्रता के लिए आवाज उठाने और एकजुट होने का आह्वान किया।
गौरतलब है कि 10 मार्च 1959 को तिब्बत की राजधानी ल्हासा में चीन की नीतियों के खिलाफ विद्रोह शुरू हुआ। जिसमें चीनी सैनिकों ने कई निर्देश तिब्बतियों को मार डाला तथा आत्महत्या करने पर मजबूर कर दिया था। तिब्बतवासी आज भी आत्मदाह घटनाओं को रोकने और धर्म गुरु दलाई लामा की तिब्बत वापसी की मांग कर रहे हैं। चीन से आजादी और उसकी दमनकारी नीतियों को रोकने के लिए शनिवार को आयोजित एक कार्यक्रम में तिब्बती संगठनों ने आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि देकर पांच मिनट का मौन रखा। इसके बाद हैप्पी वैली से माल रोड होते हुए पिक्चर पैलेस तक शांति मार्च निकाला। इससे पहले तिब्बतियों ने दलाई हिल में विशेष पूजा-अर्चना की गई और गाने के माध्यम से चीन के खिलाफ हो जाओ का संदेश दिया। इस मौके पर रीजनल तिब्बतन यूथ कांग्रेस मसूरी के अध्यक्ष शेरिंग चोंडन, लोब्सांग चोफेल, महिला संगठन की अध्यक्ष ताशी डोलमा आदि मौजूद रहीं।
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तिब्बती संगठनों ने शनिवार को चीन की दमनकारी नीतियों के खिलाफ मसूरी में शांति मार्च निकाला। इसके बाद केंद्रीय एवं क्षेत्रीय तिब्बती एसोसिएशन के बैनर तले आयोजित कार्यक्रम के दौरान तिब्बत को आजाद करने की मांग रखी गई और चीन के खिलाफ विरोध प्रकट किया गया। इस दौरान तिब्बती संगठनों ने सुख-दुख में एक हो जाओ का नारा देकर स्वतंत्रता के लिए आवाज उठाने और एकजुट होने का आह्वान किया।
गौरतलब है कि 10 मार्च 1959 को तिब्बत की राजधानी ल्हासा में चीन की नीतियों के खिलाफ विद्रोह शुरू हुआ। जिसमें चीनी सैनिकों ने कई निर्देश तिब्बतियों को मार डाला तथा आत्महत्या करने पर मजबूर कर दिया था। तिब्बतवासी आज भी आत्मदाह घटनाओं को रोकने और धर्म गुरु दलाई लामा की तिब्बत वापसी की मांग कर रहे हैं। चीन से आजादी और उसकी दमनकारी नीतियों को रोकने के लिए शनिवार को आयोजित एक कार्यक्रम में तिब्बती संगठनों ने आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि देकर पांच मिनट का मौन रखा। इसके बाद हैप्पी वैली से माल रोड होते हुए पिक्चर पैलेस तक शांति मार्च निकाला। इससे पहले तिब्बतियों ने दलाई हिल में विशेष पूजा-अर्चना की गई और गाने के माध्यम से चीन के खिलाफ हो जाओ का संदेश दिया। इस मौके पर रीजनल तिब्बतन यूथ कांग्रेस मसूरी के अध्यक्ष शेरिंग चोंडन, लोब्सांग चोफेल, महिला संगठन की अध्यक्ष ताशी डोलमा आदि मौजूद रहीं।
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