फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   रिजल्ट स्टोरी- होनहारों में इंजीनियरिंग के

रिजल्ट स्टोरी- होनहारों में इंजीनियरिंग के

Tue, 15 May 2018 02:24 AM IST
Updated Tue, 15 May 2018 02:24 AM IST
विज्ञापन
रिजल्ट स्टोरी-    होनहारों में इंजीनियरिंग के
ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन

होनहारों का सपना इंजीनियरिंग और मेडिकल के अलावा सिविल सेवा के क्षेत्र में जाने का है। सोमवार को आए आईसीएससी के 10वीं और 12वीं के नतीजों में यह भविष्य की तस्वीर खुलकर सामने आई। होनहारों का मानना है कि भले ही कई अलग-अलग कॅरियर विकल्प हों लेकिन मेडिकल, इंजीनियरिंग या सिविल सेवा का कोई विकल्प नहीं है।
12वीं में 98.5 प्रतिशत अंक लाने वाले ब्राइटलैंड के छात्र शिवांश गहलोत का सपना इंजीनियर बनने का है। उनका कहना है कि इंजीनियरिंग एक सुरक्षित कॅरियर विकल्प है। आर्थिक तौर पर भी देखें तो यह बेहतर अवसर है। 98.50 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले अभिन्न जखमोला का कहना है कि इंजीनियरिंग में ही भविष्य बनाना बेहतर है। वह भी मानते हैं कि यह एक बेहतर विकल्प है। एक इंजीनियर की सामाजिक साख भी है और आर्थिक पक्ष भी मजबूत रहता है।
विज्ञापन

97.5 प्रतिशत अंकों के साथ 12वीं करने वाली श्रुति बिंद्रा का कहना है कि इंजीनियरिंग मुश्किल है लेकिन बेहतर विकल्प है। 10वीं की टॉपर भव्या तय कर चुकी हैं कि उन्हें डॉक्टर बनना है। टॉपर ईशान्वी मोहन इंजीनियर बनना चाहती हैं। भावी पीढ़ी में सिविल सेवा को लेकर भी उत्साह नजर आया है। 98.2 प्रतिशत अंकों के साथ 12वीं पास करने वाली दिव्यांशी का कहना है कि वह साइकोलॉजी में ऑनर्स करने के बाद सिविल सेवा के क्षेत्र में जाना चाहती हैं। इसी प्रकार, राधिका माहेश्वरी का भी कहना है कि वह सिविल सेवा में कॅरियर बनाना चाहती हैं। कई और होनहारों ने सिविल सेवा परीक्षा को अपना सपना बताया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed