{"_id":"5b11af984f1c1bfd6e8b5c20","slug":"15278857268-rishikesh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"वेतनमान को धनराशि देने पर किया स्वागत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वेतनमान को धनराशि देने पर किया स्वागत
Updated Sat, 02 Jun 2018 02:15 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला,डोईवाला।
श्रमिक संघ शुगर मिल्स डोईवाला की बैठक में राज्य सरकार द्वारा चीनी मिलों के लंबित वेतनमान के लिए करीब 96 करोड़ देने के फैसला का श्रमिक प्रतिनिधियों ने स्वागत किया है। कहा कि सरकार के निर्णय से चीनी मिल के श्रमिकों की स्थिति में सुधार आ जाएगा। शुक्रवार को डोईवाला श्रमिक संघ कार्यालय परिसर में आयोजित बैठक में कहा गया कि राज्य सरकार लंबित वेतन, रिटेनिंग, अवकाश नकदीकरण, पुनरीक्षित वेतनमान का एरियर, चिकित्सा प्रतिपूर्ति भुगतान और ओवरटाइम आदि के भुगतान के लिए धनराशि दे रही है। श्रमिक नेता गोपाल शर्मा, विजय बाली, राजेश सैनी आदि ने कहा कि चीनी मिलों की आर्थिकी सुधारने के लिए राज्य सरकार को ऐसे प्रयास करने चाहिए।
श्रमिक प्रतिनिधि राममिलन, अवधेश कुमार और दिनेश वर्मा ने कहा कि चीनी उद्योग को बेहतर स्थिति में लाने के लिए राज्य सरकार का कदम सराहनीय है। श्रमिकों ने कहा कि मुख्यमंत्री से दोषपूर्ण नीतियों में बदलाव की मांग की जाएगी। बैठक में कमल बहादुर, प्रताप रावत, आनंद बाली, विजय शर्मा, सतीश कश्यप, विनोद शर्मा, प्रवीण कन्नौजिया, सतनाम सिंह, विमल भंडारी, प्रेम सिंह, जमील अहमद, संजय श्रीवास्तव, जितेंद्र कुमार, राकेश कोठारी आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
श्रमिक संघ शुगर मिल्स डोईवाला की बैठक में राज्य सरकार द्वारा चीनी मिलों के लंबित वेतनमान के लिए करीब 96 करोड़ देने के फैसला का श्रमिक प्रतिनिधियों ने स्वागत किया है। कहा कि सरकार के निर्णय से चीनी मिल के श्रमिकों की स्थिति में सुधार आ जाएगा। शुक्रवार को डोईवाला श्रमिक संघ कार्यालय परिसर में आयोजित बैठक में कहा गया कि राज्य सरकार लंबित वेतन, रिटेनिंग, अवकाश नकदीकरण, पुनरीक्षित वेतनमान का एरियर, चिकित्सा प्रतिपूर्ति भुगतान और ओवरटाइम आदि के भुगतान के लिए धनराशि दे रही है। श्रमिक नेता गोपाल शर्मा, विजय बाली, राजेश सैनी आदि ने कहा कि चीनी मिलों की आर्थिकी सुधारने के लिए राज्य सरकार को ऐसे प्रयास करने चाहिए।
श्रमिक प्रतिनिधि राममिलन, अवधेश कुमार और दिनेश वर्मा ने कहा कि चीनी उद्योग को बेहतर स्थिति में लाने के लिए राज्य सरकार का कदम सराहनीय है। श्रमिकों ने कहा कि मुख्यमंत्री से दोषपूर्ण नीतियों में बदलाव की मांग की जाएगी। बैठक में कमल बहादुर, प्रताप रावत, आनंद बाली, विजय शर्मा, सतीश कश्यप, विनोद शर्मा, प्रवीण कन्नौजिया, सतनाम सिंह, विमल भंडारी, प्रेम सिंह, जमील अहमद, संजय श्रीवास्तव, जितेंद्र कुमार, राकेश कोठारी आदि मौजूद थे।
विज्ञापन