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ग्रामीणों के लिए खतरा बना सड़क का मलबा
Updated Thu, 15 Feb 2018 10:29 PM IST
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थराली। ब्लाक की निर्माणाधीन सड़क विजयपुर-तलवाड़ी की कटिंग का मलबा असों गांव के लिए खतरा बना है। सड़क का मलबा जहां मकानों के ऊपर डंप किया जा रहा है वहीं मलबे से गांव की पेयजल लाइन कई जगह क्षतिग्रस्त होने से पेयजल संकट बना है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क का मलबा यदि समय से नहीं हटाया गया तो बारिश में लोगों को दिक्कतें हो सकती हैं। ग्रामीणों ने तहसील प्रशासन और ग्रामीण विकास विभाग के निदेशक को ज्ञापन भेजकर समस्या के निराकरण की मांग की।
ग्रामीण चंद्रशेखर जोशी ने कहा कि सड़क कटिंग कर विभाग ने दुर्गादत्त, भवानी दत्त, चंद्रशेखर और गोपालदत्त के मकानों के ठीक ऊपर मलबा डंप किया है। विमला देवी के मकान के नीचे सड़क कटिंग से खतरा बना है। ग्रामीणों ने कहा कि सड़क के मलबे से पेयजल लाइन भी कई जगह क्षतिग्रस्त है, जिससे प्लास्टिक के पाइप से वैकल्पिक तौर पर आपूर्ति की जा रही है। ग्रामीण दुर्गादत्त, गोपालदत्त, भवानीदत्त, रमेश चंद्र, हीरामणि, जयदत्त, खिमानंद और नंदाबल्लभ आदि ने कहा कि यदि मामले में जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन किया जाएगा। दूसरी ओर पीएमजीएसवाई के सहायक अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि पेयजल लाइन की मरम्मत के लिए ढाई लाख का इस्टीमेट शासन को भेजा गया है। जलसंस्थान से वैकल्पिक तौर पर लाइन ठीक करने के लिए कहा गया है। मलबे को पुश्तों और दीवारों के साथ हटाया जाएगा। जल्द मामले में ग्रामीणों के साथ वार्ता की जाएगी।
ग्रामीण चंद्रशेखर जोशी ने कहा कि सड़क कटिंग कर विभाग ने दुर्गादत्त, भवानी दत्त, चंद्रशेखर और गोपालदत्त के मकानों के ठीक ऊपर मलबा डंप किया है। विमला देवी के मकान के नीचे सड़क कटिंग से खतरा बना है। ग्रामीणों ने कहा कि सड़क के मलबे से पेयजल लाइन भी कई जगह क्षतिग्रस्त है, जिससे प्लास्टिक के पाइप से वैकल्पिक तौर पर आपूर्ति की जा रही है। ग्रामीण दुर्गादत्त, गोपालदत्त, भवानीदत्त, रमेश चंद्र, हीरामणि, जयदत्त, खिमानंद और नंदाबल्लभ आदि ने कहा कि यदि मामले में जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन किया जाएगा। दूसरी ओर पीएमजीएसवाई के सहायक अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि पेयजल लाइन की मरम्मत के लिए ढाई लाख का इस्टीमेट शासन को भेजा गया है। जलसंस्थान से वैकल्पिक तौर पर लाइन ठीक करने के लिए कहा गया है। मलबे को पुश्तों और दीवारों के साथ हटाया जाएगा। जल्द मामले में ग्रामीणों के साथ वार्ता की जाएगी।
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