{"_id":"5a26dafd4f1c1bca678bfb92","slug":"15124960002-shrinagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"विवि मुख्यालय से संबद्ध रहेंगे निलंबित कुलसचिव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विवि मुख्यालय से संबद्ध रहेंगे निलंबित कुलसचिव
Updated Tue, 05 Dec 2017 11:14 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
श्रीनगर। गढ़वाल विवि के निलंबित कुलसचिव निलंबन के दौरान विवि मुख्यालय से संबद्ध रहेंगे। कार्यों के प्रति लारवाही व मुख्यालय से अनुपस्थित रहने पर कुलपति ने उन्हें निलंबित किया था। विवि प्रशासन का कहना है कि आरोपों की जांच के लिए कमेटी गठित की जाएगी।
गढ़वाल विवि के कुलसचिव डा. एके झा स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर लंबे समय से अनुपस्थित चल रहे थे। विवि प्रशासन का कहना है कि कुलसचिव को मुख्यालय में उपस्थिति देने के लिए कई बार मेल से अवगत कराया गया। बावजूद इसके कुलसचिव हर बार स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए उपस्थिति दर्ज नहीं करा रहे थे। कुलसचिव के मौजूद न रहने से विवि के कार्य प्रभावित हो रहे थे।
पूर्व में कार्य परिषद ने भी कुलसचिव की कार्य प्रणाली सवाल खड़े किए थे। तब कुलसचिव के कार्यों की मॉनीटरिंग के लिए कुलपति को अधिकृत किया था। सोमवार देर शाम कुलपति प्रो. कौल ने कुलसचिव डा. एके झा को निलंबित कर दिया। जिसकी सूचना कुलसचिव को भी मेल से दी गई थी। कुलपति प्रो. कौल ने बताया कि कुलसचिव निलंबन के दौरान विवि मुख्यालय से संबद्ध रहेंगे। इस दौरान कुलसचिव मुख्यालय में अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे। पूरे प्रकरण की जांच के लिए कमेटी गठित की जाएगी।
विज्ञापन
संयुक्त कुलसचिव को सौंपा प्रभार
गढ़वाल विवि के कुलसचिव का प्रभार फिलहाल संयुक्त कुलसचिव डा. एके मोहंती को सौंपा गया है। विवि प्रशासन का कहना है कि जल्द ही इस पद पर विधिवत तैनाती की जाएगी। हालांकि प्रशासनिक भवन में विवि के कुलसचिव पद के लिए दो वरिष्ट प्रोफेसरों के नामों की चर्चा रही।
मानसिक प्रताडना का लगाया आरोप
निलंबित कुलसचिव डा. एके झा ने बताया कि विवि प्रशासन ने उनके खिलाफ एकतरफा कार्रवाई की है। वह शारीरिक रूप से अस्वस्थ हैं। जिसकी जानकारी उन्होंने विवि प्रशासन को दी थी। वह अवैतनिक अवकाश पर हैं, बावजूद इसके उनका निलंबन किया गया है। डा. झा ने विवि प्रशासन पर उन्हें मानसिक रूप से परेशान करने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन
गढ़वाल विवि के कुलसचिव डा. एके झा स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर लंबे समय से अनुपस्थित चल रहे थे। विवि प्रशासन का कहना है कि कुलसचिव को मुख्यालय में उपस्थिति देने के लिए कई बार मेल से अवगत कराया गया। बावजूद इसके कुलसचिव हर बार स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए उपस्थिति दर्ज नहीं करा रहे थे। कुलसचिव के मौजूद न रहने से विवि के कार्य प्रभावित हो रहे थे।
विज्ञापन
पूर्व में कार्य परिषद ने भी कुलसचिव की कार्य प्रणाली सवाल खड़े किए थे। तब कुलसचिव के कार्यों की मॉनीटरिंग के लिए कुलपति को अधिकृत किया था। सोमवार देर शाम कुलपति प्रो. कौल ने कुलसचिव डा. एके झा को निलंबित कर दिया। जिसकी सूचना कुलसचिव को भी मेल से दी गई थी। कुलपति प्रो. कौल ने बताया कि कुलसचिव निलंबन के दौरान विवि मुख्यालय से संबद्ध रहेंगे। इस दौरान कुलसचिव मुख्यालय में अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे। पूरे प्रकरण की जांच के लिए कमेटी गठित की जाएगी।
विज्ञापन
संयुक्त कुलसचिव को सौंपा प्रभार
गढ़वाल विवि के कुलसचिव का प्रभार फिलहाल संयुक्त कुलसचिव डा. एके मोहंती को सौंपा गया है। विवि प्रशासन का कहना है कि जल्द ही इस पद पर विधिवत तैनाती की जाएगी। हालांकि प्रशासनिक भवन में विवि के कुलसचिव पद के लिए दो वरिष्ट प्रोफेसरों के नामों की चर्चा रही।
मानसिक प्रताडना का लगाया आरोप
निलंबित कुलसचिव डा. एके झा ने बताया कि विवि प्रशासन ने उनके खिलाफ एकतरफा कार्रवाई की है। वह शारीरिक रूप से अस्वस्थ हैं। जिसकी जानकारी उन्होंने विवि प्रशासन को दी थी। वह अवैतनिक अवकाश पर हैं, बावजूद इसके उनका निलंबन किया गया है। डा. झा ने विवि प्रशासन पर उन्हें मानसिक रूप से परेशान करने का आरोप लगाया है।