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कपड़ा व्यापारियों ने किया जीएसटी का विरोध
Updated Tue, 13 Jun 2017 02:07 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
ऋषिकेश। क्लाथ मर्चेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक में कपड़ा व्यापारियों ने सरकार द्वारा कपड़े पर 5 प्रतिशत जीएसटी लगाए जाने का विरोध किया। उन्होंने कहा कि रोटी, कपड़ा व मकान को टैक्स मुक्त रखा जाना चाहिए।
रेलवे रोड स्थित अग्रवाल धर्मशाला में सोमवार को हुई बैठक में कपड़ा व्यापारियों ने सरकार द्वारा कपड़े पर जीएसटी लगाने पर आक्रोश जताया। व्यापारियों ने कहा कि आजादी के बाद जनता की मूलभूत जरूरतों को टैक्स के दायरे में बाहर रखा गया था। यही वजह है कि कपड़ा व्यापारियों का वैट टैक्स व व्यापार कर में कोई रजिस्ट्रेशन नहीं है। फैशन में बदलाव की स्थिति में व्यापारी के पास कपड़े का काफी स्टॉक शेष रहता है, जिसकी खरीद मूल्य भी उसे नहीं मिल पाता। सरकार के निर्णय के तहत अवशेष कपड़े पर भी जीएसटी देना होगा। इससे कपड़े का मूल्य बढ़ जाएगा। साथ ही ट्रांसपोर्ट व अन्य खर्चे भी बढ़ेंगे और इंस्पेक्टर राज कायम होगा। व्यापारियों का कहना है कि सरकार को राजस्व अर्जित करने के लिए उत्पादन पर टैक्स की व्यवस्था करनी चाहिए। व्यापारियों ने चेताया कि सरकार ने जीएसटी वापस नहीं लिया तो देशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर अध्यक्ष राजीव मोहन, महामंत्री प्रदीप गुप्ता, चंद्रमोहन नारंग, अशोक डंग, तेज प्रकाश गुल्हाटी, सुरेंद्र पाहवा आदि मौजूद थे।
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ऋषिकेश। क्लाथ मर्चेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक में कपड़ा व्यापारियों ने सरकार द्वारा कपड़े पर 5 प्रतिशत जीएसटी लगाए जाने का विरोध किया। उन्होंने कहा कि रोटी, कपड़ा व मकान को टैक्स मुक्त रखा जाना चाहिए।
रेलवे रोड स्थित अग्रवाल धर्मशाला में सोमवार को हुई बैठक में कपड़ा व्यापारियों ने सरकार द्वारा कपड़े पर जीएसटी लगाने पर आक्रोश जताया। व्यापारियों ने कहा कि आजादी के बाद जनता की मूलभूत जरूरतों को टैक्स के दायरे में बाहर रखा गया था। यही वजह है कि कपड़ा व्यापारियों का वैट टैक्स व व्यापार कर में कोई रजिस्ट्रेशन नहीं है। फैशन में बदलाव की स्थिति में व्यापारी के पास कपड़े का काफी स्टॉक शेष रहता है, जिसकी खरीद मूल्य भी उसे नहीं मिल पाता। सरकार के निर्णय के तहत अवशेष कपड़े पर भी जीएसटी देना होगा। इससे कपड़े का मूल्य बढ़ जाएगा। साथ ही ट्रांसपोर्ट व अन्य खर्चे भी बढ़ेंगे और इंस्पेक्टर राज कायम होगा। व्यापारियों का कहना है कि सरकार को राजस्व अर्जित करने के लिए उत्पादन पर टैक्स की व्यवस्था करनी चाहिए। व्यापारियों ने चेताया कि सरकार ने जीएसटी वापस नहीं लिया तो देशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर अध्यक्ष राजीव मोहन, महामंत्री प्रदीप गुप्ता, चंद्रमोहन नारंग, अशोक डंग, तेज प्रकाश गुल्हाटी, सुरेंद्र पाहवा आदि मौजूद थे।
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