पुलिस व ग्रामीणों में संघर्ष
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इटावा। बढ़पुरा पुलिस और ग्रामीणों के बीच सोमवार शाम संघर्ष हुआ। ग्रामीणों ने थाने में बंद दो लोगों को जबरन छुड़ाने का प्रयास किया। इसके बाद देर रात भारी संख्या में गांव पहुंची पुलिस ने जमकर कहर बरपाया। महिलाओं को पीटा। घर में तोड़फोड़ की। बाहर खड़े वाहनों को क्षतिग्रस्त कर दिया। पुलिस ने थाने में बवाल करने के आरोप में 10 के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है और चार को गिरफ्तार कर लिया है। दूसरी तरफ पुलिस के कहर का शिकार हुए पीड़ित परिवार के साथ विधायक सरिता भदौरिया ने एसएसपी से मुलाकात की और पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। पुलिस उत्पीड़न के मामले की जांच की जिम्मेदारी एएसपी को सौंपी गई है।
बढ़पुरा थाना पुलिस सोमवार शाम मनकापुरा के पास वाहनों की चेकिंग कर रही थी। असवा निवासी श्याम सिंह बाइक से डीजल लेने के लिए निकला। पुलिस ने रोककर कागजात मांगे। आरोप है कि कागजात नहीं होने पर पुलिसकर्मियों ने एक हजार रुपया मांगा। तब तक वहां बीएसएफ से रिटायर्ड राम बहादुर सिंह भी पहुंच गए। उन्होंने पहले रसीद देने की जिद की। इसी बात को लेकर विवाद होने लगा तो रामबहादुर ने मोबाइल से वीडियो बना लिया। इससे पुलिसकर्मी गुस्सा हो गए। श्याम सिंह और रामबहादुर को पकड़ कर थाने ले गए और लाकअप में बंद कर दिया। दोनों के लाकअप में बंद होने की जानकारी मिलने पर कुछ ग्रामीण थाने पहुंचे।
यहां पुलिस और ग्रामीणों में विवाद हुआ। आरोप है कि ग्रामीणों ने जबरन दोनों को छुड़ाने का प्रयास किया। संतरी की पिटाई कर दी। अतिरिक्त फोर्स आने पर भाग निकले। इसके बाद रात में आसपास के कई थानों की पुलिस मनकापुरा पहुंची। रामबहादुर के घर पर दबिश दी। आरोप है कि उनकी पुत्री शिवानी व परिवार के नरेंद्र सिंह पुत्र राम सिंह, संतोष कुमारी पत्नी मनोज सिंह, सुलेखा पत्नी नरेश सिंह, अभिषेक सिंह पुत्र गजेंद्र सिंह को राइफल की बट से पीटा। घरों में तोड़फोड़ की। पड़ोस के तीन अन्य घरों में भी जमकर तोड़फोड़ की। घर के बाहर खड़ी कार व ट्रैक्टर एवं अन्य बाइकों को क्षतिग्रस्त कर दिया।
इसके बाद अभिनव सिंह एवं दिव्यांशु सिंह को पीटते हुए थाने ले गई। इसके बाद पहले से लाकअप में बंद श्याम सिंह व रामबहादुर के साथ इन दोनों का पुलिस से अभद्रता करने, राजकार्य में बाधा डालने सहित विभिन्न धाराओं में चालान कर दिया। इस पर पीड़ित परिवार सदर विधायक सरिता भदौरिया के पास पहुंचा। विधायक सभी को लेकर एसएसपी वैभवकृष्ण के पास पहुंची और पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।
एसएसपी ने बताया कि दो लोगों को थाने ले आने के बाद गांव के कुछ लोग थाने पहुंचे। इन लोगों ने संतरी व हेड मुहर्रिर से मारपीट की। थाने पर सीज हुई मोटर साइकिल को जबरदस्ती छुड़ाने का प्रयास किया। थाने पर उपस्थित फोर्स ने चौकी प्रभारी उदी को सूचना दी। चौकी प्रभारी उदी ने थाने पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। नौ लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया जाएगा। दबिश के दौरान पुलिस पर आरोपियों के परिजनों से अभद्रता व मारपीट का आरोप लगा है। इसकी जांच की जिम्मेदारी अपर पुलिस अधीक्षक जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव को सौंपी गई है।