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16 साल बाद फाइनल में यूपी: विजय हजारे ट्रॉफी खिताब के लिए रविवार को मुंबई से होगा सामना
Fri, 12 Mar 2021 09:52 AM IST
अंशुल तलमले
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अंशुल तलमले
Updated Fri, 12 Mar 2021 09:52 AM IST
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उत्तर प्रदेश क्रिकेट टीम
- फोटो : ट्विटर @BCCI
अक्शदीप नाथ (1/29, 71 रन) के ऑलराउंड खेल के दम पर उत्तर प्रदेश ने गुजरात को 44 गेंद शेष रहते पांच विकेट से शिकस्त देकर 16 साल बाद जबकि कुल तीसरी बार विजय हजारे ट्रॉफी के फाइनल में प्रवेश कर लिया। अब खिताब के लिए रविवार को उत्तर प्रदेश का सामना मुंबई से होगा, जिसने कर्नाटक को 72 रन से पराजित किया।
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यूपी की टीम 2004-05 में तमिलनाडु के साथ मैच टाई रहने पर संयुक्त विजेता बनी। इसके बाद 2006 में फाइनल में रेलवे से हार गई थी। गुजरात के कप्तान प्रियांक पांचाल को टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला भारी पड़ा। खब्बू मध्यम तेज गेंदबाज यश दयाल (3/34) और युवा आकिब खान (2/22) की जोड़ी ने गुजरात के शीर्ष क्रम को उखाड़ फेंका और टीम ने 92 रन पर पांच विकेट गंवा दिए थे।
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हेत पटेल (60) और पीयूष चावला (32) ने छठे विकेट के लिए 66 रन जोड़कर स्कोर 150 के पार पहुंचाया। इसके बाद गुजरात की पारी 48.1 ओवर में 184 रन पर सिमट गई। उत्तर प्रदेश ने 42.4 ओवर में पांच विकेट पर 188 रन बनाकर मैच जीत लिया। हालांकि टीम की शुरुआत भी खराब रही और उसने 45 ओवर में तीन विकेट गंवा दिए थे। अक्शदीप ने कप्तान कर्ण शर्मा के साथ चौथे विकेट के लिए 89 और उपेंद्र यादव (31*) के साथ पांचवें विकेट के लिए 39 रन जोड़कर टीम को जीत के करीब पहुंचा दिया। नाथ जब आउट हुए तो टीम को जीत के लिए 11 रन दरकार थी।
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पडीक्कल पर भारी पड़े पृथ्वी
यह वह मुकाबला था जहां निगाह मुंबई के पृथ्वी शॉ और कर्नाटक के देवदत्त पडिक्कल पर थीं। बाजी शॉ के हाथ लगी। उनकी 122 गेंदों में 17 चौकों सात छक्कों की मदद से खेली गई 165 रन की पारी ने मुंबई को कर्नाटक पर 72 रन से जीत दिला दी। वर्ष 2002 के बाद से मुंबई पांचवीं बार खिताबी मुकाबले में पहुंची।
निमंत्रण पाकर पहले बल्लेबाजी करते हुए मुंबई की टीम चार गेंद शेष रहते 322 रन पर आउट हो गई। शॉ ने टूर्नामेंट का अपना चौथा शतक जड़ा। उनके अलावा शम्स मुलानी ने 45, शिवम दुबे ने 27 और अमन ने 25 रन बनाए। कर्नाटक की ओर से विजय कुमार ने चार और प्रसिद्ध कृष्णा ने तीन विकेट लिए। जवाब में कर्नाटक की टीम पडिक्कल (64) और शरथ (61) की अर्द्धशतकीय पारियों के बावजूद 42.4 ओवर में 250 रन पर ढेर हो गई।