{"_id":"5af321ee4f1c1b350a8b9049","slug":"shashi-tharoor-tweets-on-virat-kohli-decision-of-county-cricket-going-controversial","type":"story","status":"publish","title_hn":"कप्तान कोहली की वफादारी पर कांग्रेस नेता शशि थरूर ने उठाया सवाल, BCCI से मिला करारा जवाब","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
कप्तान कोहली की वफादारी पर कांग्रेस नेता शशि थरूर ने उठाया सवाल, BCCI से मिला करारा जवाब
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
Updated Thu, 10 May 2018 09:54 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
काउंटी क्रिकेट क्लब सरे से कॉन्ट्रेक्ट करते ही शुरू विराट कोहली को लेकर शुरू हुआ विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा। पहले बीसीसीआई के दो धड़ों में इसे लेकर अलग-अलग राय देखी गई अब कांग्रेस के बड़े नेता शशि थरूर भी इस मामले में कूद पड़े हैं। विराट कोहली पर तंज कसते हुए उन्होंने एक ट्वीट किया है।
दरअसल, विराट कोहली 14 जून से बेंगलुरु में अफगानिस्तान के खिलाफ होने वाले होने वाले एकमात्र ऐतिहासिक टेस्ट का हिस्सा नहीं होगे। इसके पीछे कारण विराट का काउंटी क्रिकेट खेलने इंग्लैंड जाना है। अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या कोहली के लिए देश से ज्यादा काउंटी खेलना जरूरी हो गया है। ट्विटर पर अपनी राय रखते हुए थरूर ने लिखा कि, ''तो बीसीसीआई ने अपनी प्राथमिकताएं साफ कर दी हैं। विराट कोहली आईपीएल को काउंटी क्रिकेट से आगे रखते हैं। मगर अब वह काउंटी क्रिकेट को देश की टेस्ट मैच की टीम की कप्तानी से ज्यादा महत्व दे रहे हैं। वाह'।
अब फिर क्या था इस ट्वीट के बाद मानो सोशल मीडिया पर बवाल मच गया। जहां यूजर्स ने शशि थरूर को आड़े हाथों लेते हुए विराट कोहली की तरफदारी की तो कईयों ने कहा कि इसमें कुछ भी गलत नहीं है, इंग्लैंड श्रृंखला जल्द ही आ रही है, उनके लिए यह अनुभव टीम इंडिया के लिए लाभदायक होगा। इस बीच थरूर को बीसीसीआई के कार्यकारी सचिव अमिताभ चौधरी ने भी जवाब दिया है।
अमिताभ चौधरी ने कहा, 'हम अफगानिस्तान के साथ होने जा रही टेस्ट मैच श्रृंखला को भी उतना ही महत्व दे रहे हैं। जितना जून 1932 में लॉडर्स में हुई टेस्ट श्रृंखला को दिया था। वह बेहद जोशीला खिलाड़ी है। इसके बावजूद ये कहना कि काउंटी क्रिकेट के लिए घरेलू टीम के नियमित कप्तान को न खिलाना, किसी भी तरह से विपक्षी टीम का अपमान नहीं है। किसी भी काम को उसकी नीयत से देखा और आंका जाना चाहिए।'
विज्ञापन
दरअसल, विराट कोहली 14 जून से बेंगलुरु में अफगानिस्तान के खिलाफ होने वाले होने वाले एकमात्र ऐतिहासिक टेस्ट का हिस्सा नहीं होगे। इसके पीछे कारण विराट का काउंटी क्रिकेट खेलने इंग्लैंड जाना है। अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या कोहली के लिए देश से ज्यादा काउंटी खेलना जरूरी हो गया है। ट्विटर पर अपनी राय रखते हुए थरूर ने लिखा कि, ''तो बीसीसीआई ने अपनी प्राथमिकताएं साफ कर दी हैं। विराट कोहली आईपीएल को काउंटी क्रिकेट से आगे रखते हैं। मगर अब वह काउंटी क्रिकेट को देश की टेस्ट मैच की टीम की कप्तानी से ज्यादा महत्व दे रहे हैं। वाह'।
विज्ञापन
So @BCCI makes its priorities clear: @imVkohli can put IPL ahead of county cricket but county cricket ahead of leading India in a Test match. Woah! @Ram_Guha @cricketwallah https://t.co/yyi1vZIzwn
विज्ञापन विज्ञापन— Shashi Tharoor (@ShashiTharoor) May 9, 2018
अब फिर क्या था इस ट्वीट के बाद मानो सोशल मीडिया पर बवाल मच गया। जहां यूजर्स ने शशि थरूर को आड़े हाथों लेते हुए विराट कोहली की तरफदारी की तो कईयों ने कहा कि इसमें कुछ भी गलत नहीं है, इंग्लैंड श्रृंखला जल्द ही आ रही है, उनके लिए यह अनुभव टीम इंडिया के लिए लाभदायक होगा। इस बीच थरूर को बीसीसीआई के कार्यकारी सचिव अमिताभ चौधरी ने भी जवाब दिया है।
अमिताभ चौधरी ने कहा, 'हम अफगानिस्तान के साथ होने जा रही टेस्ट मैच श्रृंखला को भी उतना ही महत्व दे रहे हैं। जितना जून 1932 में लॉडर्स में हुई टेस्ट श्रृंखला को दिया था। वह बेहद जोशीला खिलाड़ी है। इसके बावजूद ये कहना कि काउंटी क्रिकेट के लिए घरेलू टीम के नियमित कप्तान को न खिलाना, किसी भी तरह से विपक्षी टीम का अपमान नहीं है। किसी भी काम को उसकी नीयत से देखा और आंका जाना चाहिए।'