सचिन और सहवाग के दुर्लभ रिकॉर्ड की बराबरी कर गए अश्विन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
टीम इंडिया के फिरकी गेंदबाज आर अश्विन ने छोटे से टेस्ट करियर में ऐसे मुकाम को पा लिया जिसे पाने में मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर और वीरेंदर सहवाग को हासिल करने में पूरा करियर लग गया।
दिल्ली टेस्ट में अश्विन के शानदार प्रदर्शन के बूते टीम इंडिया ने दक्षिण अफ्रीका का फ्रीडम सीरीज में सफाया किया। टीम इंडिया आखिरी टेस्ट 337 रनों से जीतने में सफल रहा।
जी हाँ अब अगर बात करें टीम इंडिया के नए सुपरस्टार की तो दिल्ली टेस्ट के बाद अश्विन ने सचिन और सहवाग के मैन ऑफ़ द सीरीज के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली है। सिर्फ 32वें टेस्ट मैच में वह 5 वीं बार मैन ऑफ़ द सीरीज चुने गए। उनके अलावा सचिन और सहवाग के नाम भी 5 बार मैन ऑफ़ द सीरीज का अवार्ड है।
सचिन जहां 74 टेस्ट सीरीजों के दौरान कुल 200 टेस्ट मैच में 5 बार ''मैन ऑफ द सीरीज'' रहे वहीं, सहवाग 39 सीरीजों के दौरान कुल 104 टेस्ट मैचों में 5 बार ''मैन ऑफ द सीरीज'' रहे।
कपिल देव का रिकॉर्ड तोड़ने के लिए करना होगा इंतज़ार
टीम इंडिया में बड़ा नाम हो चुके अश्विन लगातार रिकॉर्ड तोड़ रहे रहे हैं, इसमें कोई संदेह नहीं। लेकिन कपिल देव का ऐसा रिकॉर्ड जिसे तोड़ने के लिए अभी लंबा इंतज़ार करना पड़ेगा।
टीम इंडिया को पहला वनडे वर्ल्ड कप दिलाने वाले कप्तान कपिल देव का 32 साल पुराना रिकॉर्ड अभी तक टूट नहीं पाया है। कपिल देव ने 1983 साल में 85 विकेट झटके थे। जबकि अश्विन के नाम इस साल 62 विकेट ही हो पाएं है। वह गेंदबाजो के कलेन्डेर ऑफ़ द ईयर में चौथे नंबर पर हैं।
आगे जाने, और कौन-कौन है उनसे आगे
भारतीय गेंदबाजों के कैलेंडर ऑफ़ द ईयर में टीम इंडिया के मौजूदा महान गेंदबाज अश्विन फ़िलहाल चौथे नंबर पर हैं। इस श्रेणी में नंबर वन पर महान ऑलराउंडर कपिल देव का नाम है।
यह मध्यम गति का गेंदबाज 1983 में 74 विकेट के साथ टॉप पर है। दूसरी बार भी यह रिकॉर्ड इन्होने ही किया। 1979 में वह 74 विकेट झटक चुके हैं। कपिल देव के बाद अनिल कुंबले ने 2004 में 74 विकेट लेकर कपिल की बराबरी जरूर की।
कुंबले के बाद टीम इंडिया के टर्बनेटर हरभजन सिंह ने 2002 और फिर 2008 में 63 विकेट लिए। अश्विन इसके बाद चौथे नंबर पर 2015 में 62 विकेट के साथ हैं।