क्वार्टर फाइनल के लिए मिस्बाह ने टीम के सामने 'जोड़े हाथ'
वर्ल्ड कप में एक तरफ जहां टीम इंडिया लगातार मैच जीतकर अपने ग्रुप में शीर्ष में है। वहीं, दूसरी ओर पाकिस्तान टीम शुरुआती दोनों मैचों में हार के बाद वर्ल्ड कप के नॉक आउट राउंड में पहुंचने के लिए संघर्ष कर रही है।
पाकिस्तान टीम की शुरुआत वर्ल्ड कप टूर्नामेंट में अच्छी नहीं रही। सबसे पहले इसे 15 फरवरी को भारत के खिलाफ 76 रनों से करारी हार मिली। इस जीत के साथ टीम इंडिया ने वर्ल्ड कप में पाक को लगातार हराने के रिकॉर्ड को कायम रखा।
उसके अगले मैच में भी पाकिस्तान टीम को वेस्टइंडीज के सामने मुंह की खानी पड़ी। वेस्टइंडीज ने पाक टीम को 150 रनों के बड़े अंतर से हराया। दो मैचों में हार के बाद किरकिरी झेल रही पाक टीम को जीवनदान दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मिली रोमांचक जीत से मिली।
पाकिस्तान ने वर्ल्ड कप में अपने तीसरे मैच में द. अफ्रीका को हराया और टूर्नामेंट में अपनी दावेदारी बरकरार रखी। उसके बाद पाकिस्तान ने अपने अगले दो मैच भी जीते।
मिस्बाह ने टीम के सामने जोड़े हाथ
दक्षिण अफ्रीका को हराने के बाद पाक टीम ने मौके को भुनाया और लगातार तीन मैच जीतकर टूर्नामेंट में तीसरे नंबर पर काबिज है। वहीं, दूसरी ओर आयरलैंड टीम भी वेस्टइंडीज को हराने के बाद उलटफेर करने को तैयार है।
15 मार्च को पाकिस्तान का मुकाबला आयरलैंड से है। पाक टीम के लिए यह मैच जीतना बेहद जरूरी है। यदि पाकिस्तान यह मैच जीत जाती है तो क्वार्टर फाइनल के लिए उसके दरवाजे खुल जाएंगे और अगर आयरलैंड इस वर्ल्ड कप में दोबारा उलटफेर कर पाक टीम को हरा देती है तो आयरलैंड क्वार्टर फाइनल में प्रवेश कर लेगा।
इस स्थिति में वेस्टइंडीज इसी दिन यूएई के खिलाफ बड़ी जीत हासिल कर पाकिस्तान को वर्ल्ड कप से बाहर कर खुद नॉकआउट राउंड में प्रवेश कर जाएगी।
पाकिस्तान टीम के कप्तान मिस्बाह उल हक ने अपनी टीम से पिछले दो हप्तों की परफॉर्मेंस को बरकरार रखने की गुहार लगाई है। उन्होंने टीम के खिलाड़ियों को इस मैच में जी जान से खेलने की बात कही है।
गौरतलब है कि ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की संयुक्त मेजबानी में वर्ल्ड कप टूर्नामेंट 23 साल बाद हो रहा है। 1992 में हुए वर्ल्ड कप टूर्नामेंट में पाकिस्तान ने इमरान खान की कप्तानी में खिताब पर कब्जा किया था।