फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Cricket News ›   MS dhoni did not travel as captain in zimbabwe

खा गए न गच्चा! धोनी की कप्तानी में कभी जिम्बाब्वे नहीं गई टीम इंडिया

Thu, 09 Jul 2015 07:48 AM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली Updated Thu, 09 Jul 2015 07:48 AM IST
विज्ञापन
MS dhoni did not travel as captain in zimbabwe

कप्तान महेंद्र सिंह धोनी इस समय आराम फरमा रहे हैं और एक दिन पहले ही यानी 7 जुलाई को उन्होंने अपना 34वां जन्मदिन भी मनाया। इससे पहले 5 जुलाई को अपनी शादी की सालगिरह भी मनाई।

विज्ञापन


करीब सात महीने से लगातार क्रिकेट खेलने के कारण धोनी समेत सात वरिष्ठ क्रिकेटरों ने जिम्बाब्वे दौरे पर नहीं जाने की इच्छा जताई और बीसीसीआई ने भी उन्हें छुट्टी दे दी। इस छुट्टी का फायदा कुछ उभरते क्रिकेटरों को मिला जिन्हें टीम इंडिया की नीली जर्सी पहनने का मौका मिलेगा। वहीं अनुभवी गेंदबाज हरभजन सिंह भी चार साल बाद वनडे टीम में लौटने में कामयाब हो गए।
विज्ञापन


धोनी के अलावा विराट कोहली भी इस समय छुट्टी पर हैं जिस कारण इस दौरे के लिए एक नए कप्तान को टीम के साथ भेजा गया। इस बार टीम की कमान अजिंक्य रहाणे के हाथों में है और वह पहली बार क्रिकेट की किसी भी विधा में राष्ट्रीय टीम की अगुवाई कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


दूसरी ओर, एक बेहद दिलचस्प बात हम आपको बताने जा रहे हैं कि महेंद्र सिंह धोनी जो 2007 से भारतीय वनडे टीम के नियमित कप्तान हैं वो एक बार भी बतौर कप्तान जिम्बाब्वे के दौरे पर नहीं गए हैं। साथ ही खिलाड़ी की हैसियत से भी उन्होंने टीम इंडिया के साथ जिम्बाब्वे का दौरा नहीं किया।

कप्तान धोनी से सुरेश रैना ही विराट कोहली भी हैं काफी आगे

MS dhoni did not travel as captain in zimbabwe

महेंद्र सिंह धोनी पिछले आठ साल से टीम इंडिया के कप्तान हैं और उनके नेतृत्व को अभी तक कोई चुनौती न‌हीं है। उन्होंने पिछले साल के अंत में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया था जिस कारण विराट ‌कोहली को टेस्ट टीम का अगला कप्तान बना दिया गया। हालांकि धोनी के पास अभी भी वनडे और टी-20 क्रिकेट की कप्तानी है।

लेकिन आप को यह ताज्जुब होगा कि धोनी के नेतृत्व में टीम इंडिया ने कभी भी जिम्बाब्वे का दौरा नहीं किया है। पहले बात टेस्ट सीरीज या मैच की करते हैं। भारत की टेस्ट टीम ने 2005 के बाद से ही इस अफ्रीकी देश का दौरा नहीं किया है। बीच में जिम्बाब्वे पर टेस्ट क्रिकेट खेलने का दर्जा ही छीन लिया गया था। इस कारण टेस्ट मैच नहीं खेला जा सका। 2005 में वह टीम इंडिया में आए भी नहीं थे और इस दौरे पर विकेटकीपर थे दिनेश कार्तिक।

अब बात सीमित ओवरों के क्रिकेट की करते हैं। धोनी जब से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल रहे हैं तब से लेकर आज तक वह टीम के साथ जिम्बाब्वे नहीं गए हैं। 2010 में टीम इंडिया ने जिम्बाब्वे का दौरा किया तो उस समय टीम की कमान सुरेश रैना के हाथों में सौंप दी गई। फिर इसके 3 साल बाद 2013 में टीम इंडिया ने विराट कोहली की अगुवाई में इस देश का दौरा किया।

कप्तान धोनी के बारे में एक और अनोखी बात की उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ पहली बार टीम इंडिया की कप्तानी इस साल खेले गए वर्ल्ड कप के लीग मैच में की। इस तरह से देखा जाए तो धोनी ने जिम्बाब्वे के खिलाफ सिर्फ एक मैच में कप्तानी की और वह भी ऑस्ट्रेलियाई महाद्वीप में। जबकि उनके साथी रैना जिम्बाब्वे के खिलाफ कप्तानी करने में धोनी से काफी आगे निकल गए। रैना ने 2 मैचों में और कोहली ने 5 मैचों में इस टीम के खिलाफ कप्तानी की।

हालांकि 2010 में रैना की कप्तानी में टीम इंडिया त्रिकोणीय सीरीज खेलने जिम्बाब्वे गई लेकिन उसे इस खिलाफ दो वनडे खेलने का मौका मिला और दोनों ही मैच भारत हार गया। जबकि 2013 में कोहली ने पांच मैचों की सीरीज में क्लीन स्वीप किया था।

भारत के खिलाफ जिम्बाब्वे का यह कप्तान बना टीम इंडिया का कोच

MS dhoni did not travel as captain in zimbabwe

भारत और जिम्बाब्वे के बीच सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी करने का श्रेय मिला सौरव गांगुली को। गांगुली ने 20 मैचों में कप्तानी की जिसमें टीम इंडिया ने 17 में जीत हासिल की और उसे 3 में हार भी मिली। इसके बाद मोहम्मद अजहरुद्दीन ने 15 मैचों में कप्तानी की जिसमें भारत को 12 में जीत दिलाई, सिर्फ 2 मैच गंवाए। हालांकि एक मैच टाई भी रहा।

जिम्बाब्वे की ओर से भारत के खिलाफ सबसे ज्यादा मैचों में कप्तानी करने का मौका मिला एलिस्टर कैंपबेल को जिन्होंने 16 मैचों में कप्तानी की लेकिन उनकी टीम को 10 में हार मिली। जबकि 5 मैचों में टीम को जीत भी दिलाई। एक मैच टाई रहा।

एक अनोखी बात और, दोनों देशों के बीच पहला वनडे मुकाबला 1983 के वर्ल्ड कप में खेला गया। इस मैच में भारत के कप्तान कपिल देव थे जबकि जिम्बाब्वे की कमान डंकन फ्लेचर के पास थी। यह वही फ्लेचर हैं जो बाद में टीम इंडिया के कोच भी बने।

जिम्बाब्वे के खिलाफ कपिल के बाद अजहर, सचिन तेंदुलकर, अजय जडेजा, सौरव गांगुली, राहुल द्रविड़, सुरेश रैना और विराट कोहली टीम इंडिया की अगुवाई कर चुके हैं और अब इस कतार में अजिंक्य रहाणे भी शामिल हो जाएंगे 10 जुलाई को, लेकिन टीम इंडिया के सबसे सफल कप्तान धोनी का नाम इस लिस्ट में नहीं होगा। धोनी ने इस देश के खिलाफ सिर्फ एक मैच में कप्तानी की है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed