ऐतिहासिक डे-नाइट टेस्ट में टीम इंडिया की 'विराट' जीत, बांग्लादेश पर बरपा 'गुलाबी' कहर
- उमेश ने दूसरी पारी में चटकाए पांच विकेट।
- भारत ने 347/ 9 पर ने अपनी पहली पारी घोषित की।
- विराट की कप्तानी में भारत की यह लगातार सातवीं जीत है।
- पहली पारी में इशांत शर्मा ने झटके पांच विकेट।
- विराट ने जड़ा करियर का 27वां और गुलाबी टेस्ट का पहला शतक।
विस्तार
टीम इंडिया ने रविवार को ऐतिहासिक डे नाइट टेस्ट में विराट जीत दर्ज करते हुए बांग्लादेश का क्लीन स्वीप कर दिया है। कोलकाता के ईडन गार्डंस में खेले गए दूसरे व गुलाबी टेस्ट में भारत ने बांग्लादेश को महज तीसरे ही दिन में पारी और 46 रन से हराकर दो मैचों की टेस्ट सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली।
जीत तो दूसरे दिन ही तय हो गई थी जब बांग्लादेश ने भारतीय पेस तिकड़ी के कहर के आगे छह विकेट पर 152 रन गंवा दिए थे। रविवार को तो महज 47 मिनट में जीत पर मुहर लगी। भारत ने घरेलू सरजमीं पर लगातार अपनी 12वीं सीरीज जीती। वहीं, विराट की कप्तानी में भारत की यह लगातार सातवीं जीत है। मुशफिकुर रहीम (74) को छोड़कर बांग्लादेश के बल्लेबाज एक बार फिर भारतीय पेस बैटरी का सामना नहीं कर सके और पूरी टीम 41.1 ओवर में 195 रन पर सिमट गई।
मांसपेशियों में खिंचाव के चलते दूसरे दिन रिटायर्ड हर्ट हुए महमूदुल्लाह बल्लेबाजी के लिए नहीं उतरे। उमेश यादव ने मुशफिकुर की पारी का अंत किया जो सही टाइमिंग नहीं करने से जडेजा को आसान कैच दे बैठे। उनकी पारी में 16 चौके जड़े थे। यादव ने फिर अल अमीन हुसैन को विकेटकीपर के हाथों कैच आउट कराया और भारत ने जीत हासिल की। यादव ने दूसरी पारी में 53 रन देकर पांच विकेट लेकर मैच में 81 रन देकर कुल आठ विकेट चटकाए। इशांत ने दूसरी पारी में 56 रन देकर चार विकेट झटके।
पारी से लगातार चौथी जीत के साथ टीम इंडिया का विश्व रिकॉर्ड
यह टीम इंडिया की लगातार ऐसी चौथी टेस्ट जीत है, जिसमें उसने पारी और रनों के अंतर जीत दर्ज की है। इससे पहले दुनिया की कोई टीम ऐसा नहीं कर पाई थी। भारत ने बांग्लादेश के खिलाफ दोनों मैच पारी से जीतने से पहले दक्षिण अफ्रीका को रांची और पुणे में लगातार दो मैचों में पारी से हराया था।
जीत का सत्ता
इस सीरीज में दूसरी बार मैच तीन दिन के भीतर खत्म हो गया। भारत ने इंदौर में हुआ पहला टेस्ट पारी और 130 रन से जीता था। इस 2-0 की शानदार जीत से भारत ने 120 अंक जुटाकर विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में अपनी बढ़त भी बढ़ा ली और उनके सात मैचों में कुल 360 अंक हो गए हैं।
लगातार सात मैच भारत का टेस्ट मैचों में सबसे लंबा विजयी सिलसिला है। इससे पहले भारत ने 2013 में सात मैच जीते थे। तब ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चार और वेस्टइंडीज को दो मैचों में हराया था। इस बार जीत का सिलसिला अगस्त में वेस्टइंडीज दौरे से शुरू हुआ है। भारत ने जो सात मैच लगातार जीते हैं उनमें या तो पारी अथवा 200 से ज्यादा रन से जीत हासिल की है।
दर्शकों की उपस्थिति सराहनीय
गुलाबी गेंद के इस ऐतिहासिक टेस्ट के लिए ईडन गार्डन बेहतरीन मेजबान रहा जिसमें तीनों दिन स्टेडियम खचाखच भरा रहा। इससे उस समय की याद ताजा हो आयी जब टेस्ट क्रिकेट काफी लोकप्रिय हुआ करता था लेकिन मैदान पर प्रतिस्पर्धा की कमी इस मैच को लेकर चल रही हाइप के जरा भी करीब नहीं पहुंच सकी।
गुलाबी गेंद ने दिखाया असर
एसजी गुलाबी गेंद का बड़े मैच में इस्तेमाल करने से पहले प्रतिस्पर्धी मैच में परीक्षण नहीं किया गया और उम्मीदों के अनुरूप इसने भारत के खतरनाक तेज गेंदबाजी आक्रमण की मदद की जिन्होंने सभी विकेट हासिल किए। उनकी खतरनाक फार्म का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बांग्लादेश के चार बल्लेबाजों को सिर में गेंद लगने से टीम को दो स्थानापन्न खिलाड़ियों को उतारना पड़ा। हेलमेट पर बार बार गेंद लगने से गुलाबी गेंद की दृश्यता पर सवाल भी उठे, विशेषकर सांझ ढलने पर।