पांच साल में स्नातक की परीक्षा पास नहीं कर सके धोनी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एक पुरानी कहावत है... पढोगे लिखोगे तो होगे नवाब, खेलोगे कूदोगे तो होगे खराब!!! शायद समय बदलने के साथ ही इस कहावत के मायने बदल गए हैं। तभी तो टीम इंडिया के कई खिलाड़ी पढ़ाई के मामले में भले ही फिसड्डी रहे हों लेकिन वो आज किसी नवाब से कम जिंदगी नहीं जी रहे हैं।
टीम इंडिया के सबसे काबिल कप्तान महेंद्र सिंह धोनी पढ़ाई के मामले में फिर से फिसड्डी साबित हो गए हैं। धोनी पिछले 5 साल में स्नातक की परीक्षा पास नहीं कर पाए हैं। रांची के डीएवी स्कूल से 12वीं तक की पढ़ाई करने के बाद धोनी ने स्नातक के लिए रांची के सेंट जेवियर कॉलेज में बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन एंड सेक्रेटेरियल प्रेक्टिस कोर्स में दाखिल लिया।
सामान्यतः स्नातक की परीक्षा 3 साल में पास कर ली जाती है लेकिन धोनी व्यस्त क्रिकेट शेडयूल की वजह से कभी परीक्षा नहीं दे पाए या तो कभी अटेंडेस शॉर्ट पाया गया। इसके बाद सेंट जेवियर कॉलेज ने धोनी को कहीं से भी परीक्षा देने की छूट दे डाली लेकिन धोनी इस छूट के बावजूद परीक्षा पास नहीं कर पा रहे हैं।
धोनी स्नातक के इस कोर्स के 6 सेमेस्टर में से एक सेमेस्टर की परीक्षा भी पास नहीं कर पाए हैं। इस साल (2013) उनका रजिस्ट्रेशन भी समाप्त हो जाएगा। मतलब इसके बाद वह परीक्षा में नहीं बैठ पाएंगे। अब देखना यह है कि क्या धोनी क्रिकेट छोड़ने के बाद अपनी पढ़ाई पूरी करेंगे या 12वीं की डीग्री ही उनकी अंतिम डीग्री होगी।