भारत को लॉर्ड्स टेस्ट में 22 रन से हराने के बाद इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स काफी खुश दिखे। उन्हें उनके ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। इसे अजब संयोग कहें या कुछ, 2019 में इंग्लैंड ने 14 जुलाई को ही न्यूजीलैंड को हराकर वनडे विश्व कप जीता था और उसमें भी स्टोक्स प्लेयर ऑफ द मैच रहे थे। उस मैच में भी जोफ्रा आर्चर ने पासा पलट दिया था। तब कीवी टीम दुर्भाग्य से हार गई थी और अब भारत के साथ टेस्ट में ऐसा हुआ। स्टोक्स ने मैच के बाद इन सभी चीजों पर बात की। उन्होंने यह भी बताया कि उनकी नजर में मैच कहां पलट गया।
2 of 5
केएल राहुल और ऋषभ पंत
- फोटो : PTI
भारतीय कप्तान शुभमन गिल के साथ-साथ स्टोक्स ने भी स्वीकार किया कि पंत का रन आउट होना महत्वपूर्ण लम्हा था। गिल ने मैच के बाद कहा था कि पंत का आउट होने बेहद महत्वपूर्ण क्षण था। उन्होंने कहा था कि पहली पारी में स्कोर बराबर रहने की जगह हमें 80 रन की भी लीड मिली होती तो नतीजा कुछ और हो सकता था। पंत पहली पारी में 74 रन बनाकर काफी अच्छी लय में थे, लेकिन इसके बाद इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स के सटीक थ्रो पर वह रन आउट हो गए। उस वक्त भारत का स्कोर 248 रन पर तीन विकेट था और ऐसा लग रहा था कि टीम इंडिया लीड हासिल कर लेगी। पंत और राहुल के बीच चौथे विकेट के लिए 141 रन की साझेदारी हो चुकी थी। पंत के आउट होने के बाद टीम इंडिया के नियमित अंतराल पर विकेट गिरते रहे और 387 रन ही बना पाई।
वहीं, भारत की दूसरी पारी के दौरान मैराथन स्पैल करने वाले स्टोक्स ने कहा, 'स्पैल के बीच में मैं काफी उत्साहित था। एक्स्ट्रा कवर पर फील्डिंग करते हुए गेंद मेरे पास आई तो मैंने ऋषभ को रन लेने के लिए हिचकिचाते हुए देखा। जब आप गेंद फेंकते हैं और जानते हैं कि वह स्टंप्स पर लगेगी तो यह एक बेहतरीन एहसास होता है।' स्टोक्स ने दूसरी पारी में काफी लंबे-लंबे स्पैल किए और वह हार मानने को तैयार नहीं दिखे। उन्होंने लगभग हर स्पैल में कम से कम नौ या 10 ओवर फेंके। स्टोक्स ने कहा कि कड़ी प्रतिस्पर्धा के बाद वह अब कुछ दिन आराम करन चाहते हैं। उन्होंने कहा, 'दो बहुत अच्छी टीमें आमने-सामने हैं। झूठ नहीं बोलूंगा, चार दिन बिस्तर पर पड़े रहना चाहता हूं।'
तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर ने आज से ठीक छह साल पहले 2019 में इसी लॉर्ड्स मैदान पर वनडे विश्व कप के फाइनल में सुपर ओवर फेंका था और चार साल से अधिक समय बाद टेस्ट क्रिकेट में वापसी करते हुए सोमवार को उन्होंने 55 रन देकर तीन विकेट चटकाते हुए इंग्लैंड की जीत में एक बार फिर अहम भूमिका निभाई। स्टोक्स ने कहा, 'हां, यही एक वजह थी कि सुबह मैंने आर्चर के साथ गेंदबाजी की शुरुआत की। छह साल पहले उन्होंने अहम भूमिका निभाई थी और मुझे लग रहा था कि वह कुछ खास करेगा और मैच का रुख पलट देगा। थोड़ी चर्चा हुई, ब्राइडन (कार्स) का स्पैल कमाल का था लेकिन मुझे लग रहा था कि आर्चर वापसी के अपने पहले मैच में कुछ खास करेंगे। हर बार जब उनके नाम की घोषणा होती है तो मैदान में हलचल मच जाती है।'
5 of 5
रवींद्र जडेजा-बेन स्टोक्स
- फोटो : PTI
स्टोक्स ने कहा, 'मैं कुछ बहुत ही बुरे दौर से गुजरा हूं, लेकिन अगर अपने देश को टेस्ट मैच में जीत दिलाने से आपको खुशी नहीं मिलती तो मुझे नहीं पता कि किस चीज से मिलती है। बशीर का आखिरी विकेट लेना तो मानो नियती थी। एक सच्चा योद्धा।' स्टोक्स ने मैच में अपनी भूमिका पर कहा, 'जो दांव पर लगा था उसे लेकर मैं पूरी तरह से पस्त था। लेकिन मैच दांव पर था इसलिए मुझे कोई नहीं रोक सकता था। मैं एक ऑलराउंडर हूं, मुझे मैच को प्रभावित करने के चार मौके मिलते हैं और अगर एक भी चीज ठीक से काम नहीं करती… तो मैं और रन बनाना चाहता हूं, लेकिन आपके पास किसी भी चीज की चिंता करने का मौका नहीं है।'