ECB, BCCI के प्रस्तावित टूर्नामेंट पर ICC सदस्यों के साथ बात करने को तैयार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) ने मंगलवार को चार देशों के प्रस्तावित टूर्नामेंट पर बीसीसीआई के साथ चर्चा की बात स्वीकार की। इस टूर्नामेंट को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद् (आईसीसी) को हर साल एक बड़े टूर्नामेंट की मेजबानी करने से रोकने के प्रयास के तौर पर देखा जा रहा है।
बीसीसीआई द्वारा प्रस्तावित इस वार्षिक टूर्नामेंट में तीन बड़े देशों (बिग थ्री)- भारत, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया- के अलावा एक और टीम हिस्सा लेगी। वेबसाइट ‘क्रिकइंफो’ को दिए बयान में ईसीबी ने कहा, 'हम क्रिकेट खेलने वाले अन्य बड़े देशों के अधिकारियों से नियमित रूप से मिलते हैं जिससे कि हमने जो सीखा है उसे साझा किया जा सके और हमारे खेल को प्रभावित करने वाले विषयों पर चर्चा की जा सके।'
बयान के अनुसार, 'दिसंबर में बीसीसीआई के साथ हुई बैठक में चार देशों के टूर्नामेंट का मुद्दा उठा था और हमने आईसीसी के अन्य सदस्यों के साथ चर्चा का विकल्प खुला रखा है जिससे कि देखा जा सके कि इस कल्पना को साकार किया जा सकता है या नहीं।'
इस प्रस्तावित टूर्नामेंट की मेजबानी 2021 से बिग थ्री एक-एक करके करेंगे। इसे लेकर हालांकि मत विभाजित हैं। इस टूर्नामेंट से इसमें हिस्सा लेने वाले बोर्ड के राजस्व में इजाफे की उम्मीद है। आईसीसी भी तीन से अधिक टीमों के ऐसे किसी टूर्नामेंट को स्वीकृति नहीं देता जिसका आयोजन वह नहीं करता। बीसीसीआई अध्यक्ष सौरभ गांगुली पहले ही इस टूर्नमेंट को लेकर अपना पक्ष रख चुके हैं जबकि ईसीबी ने भी इस पर चर्चा होने की बात स्वीकार की है लेकिन क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने अब तक इस विषय पर प्रतिक्रिया नहीं दी है।
अगर यह टूर्नामेंट अमलीजामा पहनता है तो इससे कैलेंडर और व्यस्त हो जाएगा और ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कोच जस्टिन लैंगर ने मंगलवार को यह मुद्दा उठाया। ऑस्ट्रेलियाई मीडिया ने लैंगर के हवाले से कहा, 'हम सभी समझते हैं कि विश्व क्रिकेट का कार्यक्रम काफी व्यस्त है। मुझे पता है कि इसे लेकर काफी बातचीत होगी, इसके लिए लोग मौजूद हैं। बात करके चीजों को सही करना उनका काम है लेकिन हम सभी को पता है कि कार्यक्रम व्यस्त है।'