फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Cricket News ›   Bombay High Court declines MCA petition to hold sale of tickets for India-Windies ODI

भारत-विंडीज मुंबई वनडे: हाई कोर्ट का वनडे के टिकटों की बिक्री पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार

Wed, 17 Oct 2018 04:57 PM IST
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला Updated Wed, 17 Oct 2018 04:57 PM IST
विज्ञापन
Bombay High Court declines MCA petition to hold sale of tickets for India-Windies ODI

बॉम्बे हाईकोर्ट ने भारत और वेस्टइंडीज के बीच ब्रेबोर्न स्टेडियम में 29 अक्टूबर को होने वाले एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच के टिकटों की बिक्री पर अंतरिम रोक लगाने से बुधवार को इनकार कर दिया। 

विज्ञापन


न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति एम एस कार्णिक की खंडपीठ मुंबई क्रिकेट संघ (एमसीए) और उसके दो सदस्यों की याचिका पर सुनवाई कर रही थी। इस याचिका में वनडे मैच को वानखेड़े स्टेडियम से ब्रेबोर्न स्टेडियम में स्थानान्तरित करने के बीसीसीआई के फैसले को चुनौती दी गई है। 
विज्ञापन


एमसीए के वकील एमएम वाशी ने अदालत को बताया कि भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने केवल इसलिए मैच स्थानान्तरित कर दिया क्योंकि एमसीए मेजबानी संबंधी करार जमा नहीं करा पाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा, ‘हम वानखेड़े स्टेडियम में मैच कराना चाहते थे तथा टिकट बिक्री, प्रसारण अधिकार से जुड़ी कई शर्तें तय कर ली गई थी। हमने इनका पालन करने की पुष्टि भी की थी। केवल मेजबानी से संबंधित करार जमा नहीं कराया गया था।’

एमसीए ने अपनी याचिका में सुनवाई लंबित होने तक मैच के टिकटों की बिक्री पर अंतरिम रोक लगाने का अनुरोध किया था। 

वाशी ने कहा, ‘ब्रेबोर्न स्टेडियम अंतरराष्ट्रीय मैचों के आयोजन के योग्य नहीं है। इस मैदान पर अंतिम मैच 2009 में खेला गया था।’

अदालत ने बहस के बाद इस तथ्य का संज्ञान लिया कि अगर बीसीसीआई ने प्रशासक के हस्ताक्षर वाले मेजबानी से संबंधित करार की शर्त रखी है तो उसमें कुछ भी गलत नहीं है।

न्यायमूर्ति गवई ने कहा, ‘इसमें गलत क्या है? एमसीए के पास निदेशक बोर्ड भी नहीं है। उच्च न्यायालय ने प्रशासकों के रूप में काम करने के लिये दो सेवानिवृत न्यायाधीशों को नियुक्त किया था लेकिन उन पर आरोप लगाये जाने के बाद उन्होंने भी आगे पद पर बने रहने की अनिच्छा व्यक्त की थी।’

उन्होंने कहा, ‘हमारा इरादा किसी तरह का अंतरिम आदेश देने का नहीं है जैसा कि याचिकाकर्ताओं ने मांग की है। आप (याचिकाकर्ता) चाहें तो उच्चतम न्यायालय जा सकते हैं क्योंकि शीर्ष अदालत के पास एमसीए से जुड़ा इसी तरह का मामला लंबित है।’


अदालत ने बीसीसीआई और ब्रेबोर्न स्टेडियम का स्वामित्व रखने वाले क्रिकेट क्लब ऑफ इंडिया को याचिका के जवाब में हलफनामा पेश करने के निर्देश दिए। इस मामले की अगली सुनवाई 24 अक्टूबर को होगी। 

एमसीए और उसके दो सदस्यों संजय नाइक और रवि सावंत ने बीसीसीआई के फैसले को गैरकानूनी और मनमाना करार दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed