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AUS vs ZIM: वनडे में सबसे तेज 200 विकेट लेने वाले गेंदबाज बने स्टार्क, पाकिस्तानी गेंदबाज का रिकॉर्ड तोड़ा
Sat, 03 Sep 2022 01:20 PM IST
शक्तिराज सिंह
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, टाउंसविले
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, टाउंसविले
Published by: शक्तिराज सिंह
Updated Sat, 03 Sep 2022 01:20 PM IST
सार
ऑस्ट्रेलिया के मिशेल स्टार्क वनडे में सबसे तेज 200 विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं। उन्होंने पाकिस्तान के सकलैन मुश्ताक का रिकॉर्ड तोड़ा है। स्टार्क ने सिर्फ 102 मैचों में ही 200 विकेट लिए हैं।
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- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज मिशेल स्टार्क ने वनडे क्रिकेट में एक और खास कीर्तिमान अपने नाम कर लिया है। वे वनडे क्रिकेट में सबसे तेज 200 विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं। उन्होंने पाकिस्तान के सकलैन मुश्ताक का 23 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ा है। स्टार्क ने सिर्फ 102 मैच में अपने 200 वनडे विकेट पूरे कर लिए हैं। वहीं, मुश्ताक ने 104 वनडे मैच में यह आंकड़ा छुआ था। ऑस्ट्रेलिया के ही ब्रेट ली इस सूची में तीसरे स्थान पर हैं, जिन्होंने 112 वनडे मैचों में 200 विकेट लिए थे।
स्टार्क ने टाउंसविले के मैदान पर जिम्बाब्वे के खिलाफ मैच में यह खास उपलब्धि हासिल की। हालांकि, इस मैच में उनकी टीम को हार का सामना करना पड़ा।
20 अक्तूबर 2010 को अपने वनडे करियर की शुरुआत करने वाले स्टार्क ने तीन सितंबर 2022 को जिम्बाब्वे के खिलाफ अपने 200 विकेट पूरे किए। उन्हें यह रिकॉर्ड हासिल करने में 11 साल 318 दिन का समय लगा। वहीं, सकलैन मुश्ताक ने सिर्फ तीन साल 249 दिन में यह उपलब्धि हासिल कर ली थी। जिम्बाब्वे के खिलाफ अपने 102वें मैच में स्टार्क ने आठ ओवर की गेंदबाजी की और 33 रन देकर एक विकेट लिया। वे अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके, लेकिन यह खास उपलब्धि अपने नाम कर ली।
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स्टार्क ने टाउंसविले के मैदान पर जिम्बाब्वे के खिलाफ मैच में यह खास उपलब्धि हासिल की। हालांकि, इस मैच में उनकी टीम को हार का सामना करना पड़ा।
20 अक्तूबर 2010 को अपने वनडे करियर की शुरुआत करने वाले स्टार्क ने तीन सितंबर 2022 को जिम्बाब्वे के खिलाफ अपने 200 विकेट पूरे किए। उन्हें यह रिकॉर्ड हासिल करने में 11 साल 318 दिन का समय लगा। वहीं, सकलैन मुश्ताक ने सिर्फ तीन साल 249 दिन में यह उपलब्धि हासिल कर ली थी। जिम्बाब्वे के खिलाफ अपने 102वें मैच में स्टार्क ने आठ ओवर की गेंदबाजी की और 33 रन देकर एक विकेट लिया। वे अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके, लेकिन यह खास उपलब्धि अपने नाम कर ली।
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वनडे में सबसे तेज 200 विकेट लेने वाले गेंदबाज
| गेंदबाज | देश | समय | मैच |
|---|---|---|---|
| मिशेल स्टार्क | ऑस्ट्रेलिया | 11 साल 318 दिन | 102 |
| सकलैन मुश्ताक | पाकिस्तान | 3 साल 249 दिन | 104 |
| ब्रेट ली | ऑस्ट्रेलिया | 5 साल 184 दिन | 112 |
| एलन डोनाल्ड | दक्षिण अफ्रीका | 7 साल 200 दिन | 117 |
| वकार यूनिस | पाकिस्तान | 6 साल 147 दिन | 118 |
जिम्ब्बावे ने ऑस्ट्रेलिया में पहला मैच जीता
जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर ऑस्ट्रेलियाई टीम को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया और हालातों का भरपूर फायदा उठाया। रेयान बर्ल ने तीन ओवर में 10 रन देकर पांच विकेट लिए। ब्रैड इवांस ने दो विकेट झटके। नगरवा, न्याउची और सीन विलियम्स को एक-एक विकेट मिला। ऑस्ट्रेलिया के लिए डेविड वॉर्नर के अलावा कोई बल्लेबाज कुछ खास नहीं कर सका। उनके अलावा 19 रन बनाने वाले मैक्सवेल ही सिर्फ दहाई का आंकड़ा छू पाए।
डेविड वॉर्नर 94 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने अपनी पारी में 14 चौके और दो छक्के लगाए। ऑस्ट्रेलिया के कप्तान फिंच पांच रन, स्टीव स्मिथ, एक रन, एलेक्स कैरी चार रन, मार्कस स्टोइनिस तीन रन और कैमरून ग्रीन तीन रन बनाकर आउट हुए। एडम जैम्पा एक रन बनाकर नाबाद रहे।
कप्तान चकाबवा ने जिम्बाब्वे को जिताया
मुश्किल पिच पर 142 रन का लक्ष्य जिम्बाब्वे के लिए आसान नहीं था, लेकिन जीत की संभावना साफ दिख रही थी। काइटानो और मरुमानी की सलामी जोड़ी ने अच्छी शुरुआत की और पहले विकेट के लिए 38 रन जोड़े। छोटे लक्ष्य का पीछा करते हुए यह अच्छी शुरुआत थी। काइटानो 19 रन बनाकर आउट हुए और एक छोर पर विकेट गिरने का सिलसिला शुरू हो गया। 77 रन के स्कोर पर टीम के पांच विकेट गिर चुके थे। मरुमानी भी 35 रन बनाने के बाद टीम का साथ छोड़ गए। इसके बाद कप्तान रेजिस चकाबवा और टोनी मुनयोंगा ने पारी संभाली। दोनों ने छठे विकेट के लिए 39 रन की साझेदारी कर टीम का स्कोर 100 के पार पहुंचाया। 115 के स्कोर पर टोनी आउट हो गए। उन्होंने 17 रन बनाए।
सातवें विकेट के लिए कप्तान चकाबवा और रेयान बर्ल ने 22 रन की साझेदारी की बर्ल 11 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन तब तक टीम का स्कोर 137 रन हो चुका था और जीत तय हो चुकी थी। अंत में रेजिस चकाबवा ने ब्रैड इवांस के साथ मिलकर टीम को तीन विकेट रहते जीत दिलाई। कप्तान रेजिस चाकबवा 37 रन बनाकर नाबाद रहे और टीम को जीत दिलाकर ही वापस लौटे।
जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर ऑस्ट्रेलियाई टीम को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया और हालातों का भरपूर फायदा उठाया। रेयान बर्ल ने तीन ओवर में 10 रन देकर पांच विकेट लिए। ब्रैड इवांस ने दो विकेट झटके। नगरवा, न्याउची और सीन विलियम्स को एक-एक विकेट मिला। ऑस्ट्रेलिया के लिए डेविड वॉर्नर के अलावा कोई बल्लेबाज कुछ खास नहीं कर सका। उनके अलावा 19 रन बनाने वाले मैक्सवेल ही सिर्फ दहाई का आंकड़ा छू पाए।
डेविड वॉर्नर 94 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने अपनी पारी में 14 चौके और दो छक्के लगाए। ऑस्ट्रेलिया के कप्तान फिंच पांच रन, स्टीव स्मिथ, एक रन, एलेक्स कैरी चार रन, मार्कस स्टोइनिस तीन रन और कैमरून ग्रीन तीन रन बनाकर आउट हुए। एडम जैम्पा एक रन बनाकर नाबाद रहे।
कप्तान चकाबवा ने जिम्बाब्वे को जिताया
मुश्किल पिच पर 142 रन का लक्ष्य जिम्बाब्वे के लिए आसान नहीं था, लेकिन जीत की संभावना साफ दिख रही थी। काइटानो और मरुमानी की सलामी जोड़ी ने अच्छी शुरुआत की और पहले विकेट के लिए 38 रन जोड़े। छोटे लक्ष्य का पीछा करते हुए यह अच्छी शुरुआत थी। काइटानो 19 रन बनाकर आउट हुए और एक छोर पर विकेट गिरने का सिलसिला शुरू हो गया। 77 रन के स्कोर पर टीम के पांच विकेट गिर चुके थे। मरुमानी भी 35 रन बनाने के बाद टीम का साथ छोड़ गए। इसके बाद कप्तान रेजिस चकाबवा और टोनी मुनयोंगा ने पारी संभाली। दोनों ने छठे विकेट के लिए 39 रन की साझेदारी कर टीम का स्कोर 100 के पार पहुंचाया। 115 के स्कोर पर टोनी आउट हो गए। उन्होंने 17 रन बनाए।
सातवें विकेट के लिए कप्तान चकाबवा और रेयान बर्ल ने 22 रन की साझेदारी की बर्ल 11 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन तब तक टीम का स्कोर 137 रन हो चुका था और जीत तय हो चुकी थी। अंत में रेजिस चकाबवा ने ब्रैड इवांस के साथ मिलकर टीम को तीन विकेट रहते जीत दिलाई। कप्तान रेजिस चाकबवा 37 रन बनाकर नाबाद रहे और टीम को जीत दिलाकर ही वापस लौटे।