Afghanistan Cricket: मैदान पर वापसी के लिए तैयार अफगानिस्तान की महिलाएं, तालिबान राज आने के बाद लगी थी रोक
अफगानिस्तान की महिला टीम मेलबर्न में क्रिकेट विदाउट बॉर्डर्स इलेवन के खिलाफ टी20 मैच खेलती नजर आएगी। यह मुकाबला अगले साल 30 जनवरी को खेला जाएगा।
विस्तार
2021 में छोड़ा था देश
अफगानिस्तान की इन महिला क्रिकेटरों को 2021 में अपना देश छोड़ना पड़ा था। हालांकि वह इस दौरान ऑस्ट्रेलिया के स्थानीय क्लबों में खेलती रही हैं। इस मैच के आयोजन में ऑस्ट्रेलियाई सरकार की भूमिका भी है। मैच से पहले दो दिन का शिविर भी लगेगा जिससे क्रिकेटरों आपस में और घुल-मिल सकें।
घर पैसा भेजने के लिए ऑस्ट्रेलिया में कर रही हैं नौकरियां
एक महिला क्रिकेटर ने कहा कि जब अफगानिस्तान की महिला टीम ही नहीं है तो आप खेलेंगे कैसे। कई क्रिकेटर तो दूसरे खेलों में जाने की सोच रही थी। फिर ये क्रिकेटर ऑस्ट्रेलिया में नौकरियां कर रही हैं ताकि अफगानिस्तान में रह रहे अपने परिवार की गुजर-बसर के लिए कुछ पैसा भेज सकें। ऑस्ट्रेलिया हमारा दूसरा घर है लेकिन हम अफगानिस्तान के लिए खेलना चाहती हैं।
17 क्रिकेटरों ने लिखा था आईसीसी को पत्र
तालिबानी शासन स्थापित होने से पहले 2020 में अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड से अनुबंधित 17 क्रिकेटरों ने इस साल अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) को पत्र लिखकर अफगानिस्तानी महिला क्रिकेटरों की एक शरणर्थी टीम बनाने का आग्रह किया था। पत्र में कहा गया था कि हम शरणार्थी टीम के रूप में अपनी प्रतिभा दिखाना चाहते हैं ताकि अफगानिस्तान में रह रहीं महिला क्रिकेटरों को भी उम्मीद जगे। हम अफगानिस्तान की पुरुष टीम की तरह उच्च स्तर पर खेलना चाहती हैं। हम यह भी चाहते हैं कि क्रिकेटरों को अच्छी ट्रेनिंग मिले जिससे वह दुनिया भर को अफगानिस्तानी महिलाओं की प्रतिभा दिखा सकें। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने यूनिसेफ के साथ मिलकर लैंगिक समानता के लिए हर लड़की को खेलने के अधिकार से जुड़े अभियान को लेकर साझेदारी की है।