{"_id":"676b4f5df64064f1d6081c09","slug":"this-christmas-recall-story-of-della-and-jim-nothing-is-greater-than-love-practice-renunciation-2024-12-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"क्रिसमस पर याद करें समर्पण की ये प्रेरक कथा: प्रेम से बढ़कर कुछ भी नहीं... त्याग का अभ्यास करें","category":{"title":"Opinion","title_hn":"विचार","slug":"opinion"}}
क्रिसमस पर याद करें समर्पण की ये प्रेरक कथा: प्रेम से बढ़कर कुछ भी नहीं... त्याग का अभ्यास करें
Wed, 25 Dec 2024 05:48 AM IST
शुभम कुमार
ओ हेनरी
ओ हेनरी
Published by: शुभम कुमार
Updated Wed, 25 Dec 2024 05:48 AM IST
विज्ञापन
निरंतर एक्सेस के लिए सब्सक्राइब करें
सार
आगे पढ़ने के लिए लॉगिन या रजिस्टर करें
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ रजिस्टर्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ सब्सक्राइब्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
फ्री ई-पेपर
सभी विशेष आलेख
सीमित विज्ञापन
सब्सक्राइब करें
क्रिसमस
- फोटो :
अमर उजाला
विस्तार
एक डॉलर और सतासी सेंट। बस! इनमें से भी साठ सेंट के पैनी। इनसे सौदा करने में कंजूस होने का मूक आरोप सहते-सहते शर्म से गाल लाल हो जाएं! दैला ने तीन बार गिना। एक डॉलर और सतासी सेंट। और दूसरे ही दिन क्रिसमस था। ऐसे हाल में अपने बिस्तर पर गिरकर रोने के अलावा कोई चारा नहीं था। पैसों की कमी इसलिए हुई, क्योंकि दैला के पति जिम की पहले हर हफ्ते अच्छी कमाई होती थी, जो अब घट गई थी। दैला रो रही थी और खिड़की के पास खड़ी होकर सोचने लगी कि कल क्रिसमस का दिन है और उसके पास जिम के लिए उपहार खरीदने के लिए केवल एक डॉलर और सतासी सेंट हैं। जिम के लिए बढ़िया चीज लाने की योजना बनाने में कितनी सुखद घड़ियां बिता दीं।एकाएक खिड़की से घूम कर वह दर्पण के सामने जा खड़ी हुई। उसकी आंखें चमक रहीं थीं। उसने तुरंत अपने बालों को खोला और वापस बांध लिया। एक क्षण के लिए वह सिहर उठी, फिर चुपचाप उसने पुराना लाल जैकेट पहना और बाहर निकल गई। जहां पर वह रुकी, वहां लिखा था, मैडम सोफ्रोनी : केश प्रसाधनों की विक्रेता। दुकान में जाते ही दैला ने पूछा, क्या आप मेरे बाल खरीदेंगी? वहां मौजूद महिला ने कहा, क्यों नहीं, हम तो बाल खरीदते ही हैं। जरा हैट उतारकर अपने बालों पर एक नजर डालने दीजिए। अपने कुशल हाथों में केश उठाते हुए, महिला ने कहा, बीस डॉलर। थोड़ी ही देर में उसके बाल कट चुके थे, लेकिन उसे इसकी कोई परवाह नहीं थी। वह दुकानें छान रही थी, ताकि जिम के लिए कुछ ले सके।
बाजार में दैला की नजर प्लेटिनम की चेन पर गई। उसने जिम की घड़ी के लिए चेन को खरीद लिया। घर लौटकर क्रिसमस की तैयारियां करने लगी। कुछ देर बाद दरवाजा खुला और जिम अंदर आया। उसकी दृष्टि दैला पर टिकी थी और उसमें एक ऐसी व्यंजना थी, जिसे वह पढ़ न सकी। दैला छटपटाकर मेज से उतरी और जिम के पास गई। वह रूआंसी होकर कहने लगी, मेरी तरफ इस तरह मत देखो। मुझे अपने बाल काटकर बेच देने पड़े, क्योंकि तुम्हें उपहार दिए बिना मैं यह क्रिसमस कैसे मनाती? बालों का क्या, यह घर की खेती है-फिर उग आएंगे। तुम चिंता मत करो। मेरे बाल बहुत तेजी से बढ़ते हैं। शायद मेरे सिर के बाल गिनती के थे, पर तुम्हारे प्रति मेरे प्यार का कोई अंदाजा नहीं लगा सकता। क्रिसमस मुबारक जिम!
दैला जिस घड़ी के लिए चेन लाई थी, जिम उसी को बेचकर दैला के बालों के लिए सुंदर कंघा खरीदकर लाया था। अब दोनों ही उपहार एक-दूसरे के किसी काम के नहीं थे। दोनों ही एक-दूसरे को देखे जा रहे थे और आंखों से आंसू रुकने का नाम नहीं ले रहे थे। उनका एक-दूसरे के प्रति समर्पण सच्चे दांपत्य प्रेम को उजागर कर रहा था। -महान अमेरिकी लेखक की ‘द गिफ्ट ऑफ मैगी’ के संपादित अंश
सूत्र: त्याग का अभ्यास करें
याद रखें कि जब आप इस धरती को छोड़ेंगे, तो आप अपने साथ वह कुछ भी नहीं ले जा सकेंगे, जो आपने एकत्र किया है, केवल वही ले जा सकेंगे, जो आपने दिया है, एक भरा हुआ हृदय, जो ईमानदारी, प्रेम, त्याग और साहस से समृद्ध है। प्रेम करें, क्योंकि यह इन्सान को जीना सिखाता है, हमारे अंदर मौजूद अहंकार को तोड़ता है, और हमें मजबूत बनाता है।