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नोटबंदी : चूल्हा न जला तो बैठा भूख हड़ताल पर बैठा व्यक्ति, पड़ोसियों ने भी किया समर्थन
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
Updated Tue, 13 Dec 2016 12:40 PM IST
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नोटबंदी के कारण घर में चूल्हा नहीं जलने पर भूख हड़ताल पर बैठा व्यक्ति
- फोटो : अमर उजाला
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मेरठ में श्यामनगर में एक व्यक्ति सोमवार को भूख हड़ताल पर बैठ गया। इस दौरान परिवार के लोगों के अलावा पड़ोस के लोगों ने भी पीड़ित का समर्थन किया। पीड़ित नोटबंदी से परेशान है जिसे एक माह से कहीं पर मजदूरी के लिए काम नहीं मिला। परिवार के साथने आर्थिक समस्या खड़ी हुई तो भूख हड़ताल शुरू कर दी।
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अब पड़ोसियों ने भी किया मदद देने से इंकार
भूख हड़ताल का समर्थन करते लोग
- फोटो : अमर उजाला
लिसाड़ीगेट के श्यामनगर खजूर का पेड़ निवासी इस्लामुद्दीन पुत्र नानू खां मजदूरी कर जीवन यापन करता है। इस्लामुद्दीन का आरोप है कि जब से नोटबंदी शुरू हुई है उसे कहीं पर भी काम नहीं मिल रहा। परिवार में पत्नी आशिया के अलावा पांच बच्चे हैं। कई दिन तक पड़ोस के लोगों से भी उधार मांगकर खाना बनाया, लेकिन अब मदद करने से भी लोगों ने इंकार कर दिया। पीड़ित का आरोप है कि एक माह से सब कामकाज बंद हो चुका है, न घर पर पैसे हैं और न ही कहीं कोई काम देने को तैयार।
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ऐसे दिन कभी नहीं आये, भाजपा हटाओ देश बचाओ
भूख हड़ताल पर बैठे व्यक्ति का समर्थन करते लोग
- फोटो : अमर उजाला
पहले इस्लामुद्दीन मजदूरी करके 300 से 400 रुपये रोज कमाता था। कई दिन इस्लामुद्दीन काम के लिए निकला, लेकिन निराश घर लौट आया। सोमवार को इस्लामुद्दीन ने घर के बाहर ही दरी बिछाकर भूख हड़ताल शुरू कर दी। आसपास के लोग भी उसका समर्थन करने लगे। लोगों ने हाथों में तख्तियां ले रखीं हैं। तख्तियों पर लिखा है कि ऐसे दिन कभी नहीं आये, भाजपा हटाओ देश बचाओ जैसे स्लोगन लिखे है। इस दौरान लिसाड़ीगेट पुलिस पहुंची और भूख हड़ताल खत्म करने की बात कहते हुए कहा कि यह भूख हड़ताल बैंक के बाहर करो। बाद में लोगों की भीड़ जुटी तो पुलिस चली गई।