स्वामी स्वरूपानंद बोले, गो हत्यारों के साथ किया जाना चाहिए ऐसा
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केरल में आदि शंकराचार्य की जन्मस्थली पर सार्वजनिक रूप में गोहत्या का संत जगत ने कड़ा प्रतिवाद किया है। संतों ने कांग्रेस को चेतावनी दी है कि ऐसी हरकतें करने से बाज आए और अपने कार्यकर्ताओं को उचित सबक सिखाएं। शंकराचार्य स्वरूपानंद ने केरल सरकार से आग्रह किया है कि गो हत्यारों पर रासुका लगाकर दंडित किया जाए।
शारदा पीठाधीश्वर स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने कहा कि टेलीविजन पर गाय को काटते हुए सार्वजनिक रूप से दिखाना और बाद में वहीं पर मांस पकाकर भक्षण करना घोर सांप्रदायिक है। कांग्रेस का यह कृत्य बेहद शर्मनाक है। कहा कि शीघ्र गो हत्यारों को गिरफ्तार नहीं किया गया तो देश में हिंसा की आग फैल सकती है।
चैनलों पर भी पाबंदी लगाए सरकार
शारदा पीठाधीश्वर स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने कहा कि सरकार को ऐसे चैनलों पर भी प्रतिबंध लगाना चाहिए, जो घृणा और उत्तेजना का माहौल पैदा कर रहे हैं। कहा कि दुख का विषय है कि केरल कांग्रेस ने केवल एक व्यक्ति को पार्टी से निकालकर पल्ला झाड़ लिया है।
अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत नरेंद्र गिरी ने कहा कि कांग्रेस को चाहिए कि गोहत्या में लिप्त कार्यकर्ताओं को पार्टी से निकालने के साथ ही पूरी जनपद इकाई को ही भंग कर देना चाहिए।
जयराम पीठाधीश्वर ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी ने कहा कि इस घटना का किसी पार्टी से लेना देना नहीं है। जिन लोगों ने यह कृत्य किया है, वे कड़े दंड के भागी हैं। कांग्रेस ने सदा ही सांप्रदायिकता का प्रतिवाद किया है। कहा कि कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व का दायित्व है कि इस कलंक को मिटाने के लिए केंद्र स्तर पर बयान जारी करे।