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भाजी की सब्जी पर विवाद से खूनी खेल: पत्नी की हत्या कर शव जलाया और आंगन में दबाया, चार महीने बाद खुला राज
Wed, 26 Aug 2026 03:21 PM IST
अमन कोशले
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Wed, 26 Aug 2026 03:21 PM IST
सार
कापू थाना क्षेत्र स्थित कुमा गांव में पुलिस ने पत्नी की हत्या कर साक्ष्य छिपाने के आरोप में पति को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। आरोपी ने भाजी की सब्जी पकाने के मामूली विवाद में अपनी पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी थी।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
रायगढ़ जिले के कापू थाना क्षेत्र स्थित कुमा गांव में पुलिस ने पत्नी की हत्या कर साक्ष्य छिपाने के आरोप में पति को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। आरोपी ने भाजी की सब्जी पकाने के मामूली विवाद में अपनी पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी थी। वारदात के बाद उसने अपराध पर पर्दा डालने के लिए शव को घर के आंगन में जला दिया और बची हुई हड्डियों को गड्ढे में पत्थर के नीचे दबा दिया। इसके बाद, आरोपी ने थाने में पत्नी की गुमशुदगी की झूठी शिकायत भी दर्ज करवा दी थी। डीएनए रिपोर्ट में बरामद हड्डियों के अवशेषों की पुष्टि होने पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
कापू थाने में 28 अप्रैल को कुमा निवासी देवानंद सिदार ने सूचना दी कि उसकी पत्नी 16 अप्रैल की रात लगभग 8 बजे बिना बताए कहीं चली गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पूछताछ में पुलिस को देवानंद के बयानों पर संदेह हुआ। पुलिस ने महिला के मायके वालों से संपर्क किया। जशपुर जिले के मक्कापुर निवासी 65 वर्षीय बालसाय सिदार ने पुलिस को बताया कि उनकी सबसे छोटी बेटी चार वर्ष पूर्व प्रेम संबंध के कारण देवानंद के साथ गई थी। दोनों की कोई संतान नहीं थी। 18 अप्रैल को देवानंद उनके घर आया था और बेटी के संबंध में पूछताछ की थी।
बाद में एक रिश्तेदार के कार्यक्रम के दौरान परिजनों को सूचना मिली कि आरोपी ने अपनी पत्नी की हत्या कर शव जला दिया है। पुलिस ने फॉरेंसिक टीम और अधिकारियों की उपस्थिति में आरोपी के मकान की तलाशी ली। इस दौरान, घर के आंगन से जली हुई हड्डियों के अवशेष बरामद हुए। डॉक्टरों ने नमूनों को जांच के लिए भेजा। डीएनए जांच रिपोर्ट में बरामद हड्डियां लापता महिला की ही साबित हुईं। इसके आधार पर पुलिस ने 23 अगस्त को आरोपी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) और 238(ए) के तहत मामला दर्ज किया।
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मामला दर्ज होने की भनक लगते ही आरोपी गांव से फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के लिए गांव के बाहर लगातार तीन दिनों तक डेरा डाला और तलाश के बाद उसे गांव से ही हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपी देवानंद ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि 16 अप्रैल की रात भाजी की सब्जी पकाने को लेकर पत्नी से उसका विवाद हुआ था। विवाद बढ़ने पर उसने गला मरोड़कर पत्नी की हत्या कर दी। साक्ष्य छिपाने के लिए उसने शव को जलाया और अवशेषों को आंगन में गड्ढा खोदकर पत्थर से दबा दिया। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया।
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कापू थाने में 28 अप्रैल को कुमा निवासी देवानंद सिदार ने सूचना दी कि उसकी पत्नी 16 अप्रैल की रात लगभग 8 बजे बिना बताए कहीं चली गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पूछताछ में पुलिस को देवानंद के बयानों पर संदेह हुआ। पुलिस ने महिला के मायके वालों से संपर्क किया। जशपुर जिले के मक्कापुर निवासी 65 वर्षीय बालसाय सिदार ने पुलिस को बताया कि उनकी सबसे छोटी बेटी चार वर्ष पूर्व प्रेम संबंध के कारण देवानंद के साथ गई थी। दोनों की कोई संतान नहीं थी। 18 अप्रैल को देवानंद उनके घर आया था और बेटी के संबंध में पूछताछ की थी।
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बाद में एक रिश्तेदार के कार्यक्रम के दौरान परिजनों को सूचना मिली कि आरोपी ने अपनी पत्नी की हत्या कर शव जला दिया है। पुलिस ने फॉरेंसिक टीम और अधिकारियों की उपस्थिति में आरोपी के मकान की तलाशी ली। इस दौरान, घर के आंगन से जली हुई हड्डियों के अवशेष बरामद हुए। डॉक्टरों ने नमूनों को जांच के लिए भेजा। डीएनए जांच रिपोर्ट में बरामद हड्डियां लापता महिला की ही साबित हुईं। इसके आधार पर पुलिस ने 23 अगस्त को आरोपी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) और 238(ए) के तहत मामला दर्ज किया।
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मामला दर्ज होने की भनक लगते ही आरोपी गांव से फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के लिए गांव के बाहर लगातार तीन दिनों तक डेरा डाला और तलाश के बाद उसे गांव से ही हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपी देवानंद ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि 16 अप्रैल की रात भाजी की सब्जी पकाने को लेकर पत्नी से उसका विवाद हुआ था। विवाद बढ़ने पर उसने गला मरोड़कर पत्नी की हत्या कर दी। साक्ष्य छिपाने के लिए उसने शव को जलाया और अवशेषों को आंगन में गड्ढा खोदकर पत्थर से दबा दिया। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया।