{"_id":"5db3138b8ebc3e017768cdc9","slug":"supreme-court-stops-chhattisgarh-government-from-tapping-ips-officer-phone-in-civil-supply-scam","type":"story","status":"publish","title_hn":"नागरिक आपूर्ति घोटाला: सुप्रीम कोर्ट ने आईपीएस अधिकारी का फोन टैन करने से छत्तीसगढ़ सरकार को रोका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नागरिक आपूर्ति घोटाला: सुप्रीम कोर्ट ने आईपीएस अधिकारी का फोन टैन करने से छत्तीसगढ़ सरकार को रोका
Fri, 25 Oct 2019 08:53 PM IST
आसिम खान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
Published by: आसिम खान
Updated Fri, 25 Oct 2019 08:53 PM IST
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो)
- फोटो : ANI
उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को छत्तीसगढ़ सरकार को उसके शीर्ष पुलिस अधिकारी मुकेश गुप्ता एवं उनके परिवार के टेलीफोन टैप करने से रोक दिया। साथ ही इस अधिकारी को उसके खिलाफ दर्ज मामले में गिरफ्तारी से राहत प्रदान की।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति अरूण मिश्रा और न्यायमूर्ति एस रवीन्द्र भट की पीठ ने राज्य सरकार को आईपीएस अधिकारी गुप्ता, उनकी पत्नी, युवा पुत्रियों और परिवार के अन्य सदस्यों के फोन टैप करने से रोक दिया। शीर्ष अदालत ने राज्य सरकार से कहा कि गुप्ता के खिलाफ दर्ज दो प्राथमिकियों में आगे जांच पर रोक का अंतरिम आदेश अगले आदेश तक जारी रहेगा।
विज्ञापन
हालांकि, शीर्ष अदालत ने 1988 बैच के इस अधिकारी के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी रद्द करने से इंकार कर दिया। इनमें विदेशी चंदा नियमन कानून का उल्लंघन करके एक ट्रस्ट द्वारा गुप्ता के पिता द्वारा स्थापित आंख के अस्पताल को संचालित करने का मामला भी शामिल है।
विज्ञापन
गुप्ता पर 2015 में नागरिक आपूर्ति घोटाले का पर्दाफाश होने के बाद जांच के दौरान गैरकानूनी तरीके से टेलीफोन टैप करने और भारतीय टेलीग्राफ कानून के प्रावधानों का उल्लंघन करने के आरोप हैं।