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धारा 370 खत्म करने वाला अभी जिंदा है: धर्मसभा में गरजे संत, कहा- भारत बनेगा हिंदू राष्ट्र, PM मोदी पर विश्वास

Mon, 20 Mar 2023 12:45 AM IST
ललित कुमार सिंह अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर
अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर Published by: ललित कुमार सिंह Updated Mon, 20 Mar 2023 12:45 AM IST
सार

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित रावणभाठा में रविवार को आयोजित धर्म सभा में देशभर से आए साधु-संतों ने भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने के लिए संकल्प लिया। वहीं इस दौरान लोगों को भी हिंदू धर्म पर विश्वास, आस्था बनाए रखने पर जोर दिया।

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Saints thought on Hindu nation in dharmasabha raipur CG
हिंदू राष्ट्र पर अपने विचार रखते संत - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित रावणभाठा में रविवार को आयोजित धर्म सभा में देशभर से आए साधु-संतों ने भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने के लिए संकल्प लिया। वहीं इस दौरान लोगों को भी हिंदू धर्म पर विश्वास, आस्था बनाए रखने पर जोर दिया। लोगों को हिंदू धर्म की रक्षा के लिए हाथ खड़ा करवाकर संकल्प भी दिलाया गया। धर्मसभा के समापन पर हिंदुओं से आग्रह किया गया कि सच्चा हिंदू वहीं है,जो शास्त्र का ज्ञान और शस्त्र लेकर चलता है। कुल मिलाकर धर्म सभा में भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने पर जोर दिया गया। इसके लिए देश-प्रदेश और जिले में हिंदुओं को जागरूक करने के लिए संत अलख जगाएंगे। 
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संतों ने कहा कि वो देश-प्रदेश के सभी जिलों में घर-घर जाएंगे और हिंदुओं जगाएंगे। धर्म सभा में पहुंचे काशी के शंकराचार्य स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती ने अमर उजाला डॉट काम से खास बातचीत में कहा कि भारत हिंदू राष्ट्र बनेगा। हमें इस पर पूरा विश्वास है। भारत हिंदू राष्ट्र था है और रहेगा। वहीं छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल के बीजेपी समर्थित साधु-संत के आरोप पर कहा कि साधु-संत समाज के होते हैं किसी राजनीतिक पार्टी के नहीं। धर्म और राजनीति अलग-अलग नहीं हो सकती। 
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कांग्रेस पर साधा निशाना
उन्होंने कांग्रेस को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के शासनकाल पर रांची में पोप जॉन पाल के आगमन पर 21 तोपों की सलामी दी गई थी। इस दौरान 50 हजार वनवासियों को ईसाई बनाया गया था। इस बारे में कांग्रेस क्या जवाब देगी? वहीं अमेरिका से देवी हिल के आगमन पर शरद पवार ने साष्टांग दंडवत करके सलामी दी थी। उस दौरान कर्नाटक के सीएम देवगौड़ा थे। 

'अब संतों की जिम्मेदारी बढ़ गई है'
यूपी के गोरखपुर से पहुंचे संत परमानंद महाराज ने कहा कि धर्मसभा के माध्यम से हमने हिंदुओं को जो संदेश देना था, वह चल गया है। अब संतों की जिम्मेदारी बढ़ गई है। हम संतों को और मेहनत करनी पड़ेगी। उन्होंने धर्मांतरण के लिए पूर्व सीएम अजीत जोगी की कांग्रेस सरकार जिममेदार ठहराया। 


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धर्म की बातें ना करें कांग्रेस : स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती
स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती ने कहा कि धर्म की बातें कांग्रेस ना करें। इस देश का विभाजन ही धर्म के आधार पर हुआ है। सीएम भूपेश बघेल के साधु-संतों की ओर से हिंदू समाज को गुमराह के आरोप पर कहा कि हिंदुओं को हम गुमराह नहीं कर रहे हैं। हम तो उन्हें सच्चा इतिहास बता रहे हैं। कांग्रेस के शासनकाल में 7 मुसलमान शिक्षा मंत्री हुए। जिन्होंने देश का इतिहास न पढ़वाकर मुगलों का इतिहास पढ़वाया। इस दौरान उन्होंने कई कांग्रेस सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। 

धर्म सभा से हिन्दू समाज जागृत हो रहा : साध्वी सौम्या 
वहीं किन्नर अखाड़े की साध्वी सौम्या ने कहा कि धर्मसभा में जो बातें हुईं, वो नहीं होनी चाहिए थी। धर्म सभा से हिन्दू समाज जागृत हो रहा है। धर्म सभा में इसका साक्षात प्रमाण दिखा है। हमारा देश पहले हिंदू राष्ट्र था, है और रहेगा। 

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आदिवासियों ने मोहक नृत्य कर बांधा समां 
धर्मसभा के समापन पर आदिवासियों ने मोहक नृत्य कर समा बांध दिया। आदिवासियों ने हिंदू देवी-देवता का रूप धरकर मोहन नृत्य किया। ढोल, नगाड़े, मांदर की थाप पर आदिवासी जमकर झूमे। झाल, मृदंग, डमरू और हाथों में त्रिशूल थामे आदिवासी जमकर नाचे। इस दौरान आदिवासियों के साथ कुछ संत भी झूमे। गोंडी, छत्तीसगढ़ी स्थानीय भाषा में गीत गाया गया। वाद्ययंत्रों पर आदिवासी लोक कलाकार जमकर झूमे। इस दौरान जय श्रीराम और हर-हर महादेव की जयघोष से पूरी धर्मसभा और राजधानी गूंज उठी। 




 
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