माओवादियों ने सालभर में मारे गए 200 कैडर
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दण्यकारण्य में सीपीआई(माओवादी) ने एक प्रेस रिलीज जारी करके कहा कि पिछले एक साल में हमने अपने कई साथी, गुरिल्ला आर्मी के कमांडर्स, गुरिल्ला फाइटर्स और अन्य कई टीमों के साथियों को खो दिया है।
उन्होंने इस प्रेस रिलीज में कहा कि हमारे सारे साथी समाजवाद और साम्यवाद के सपने को पूरा करते हुए मरे। हालांकि इसमें यह भी कहा गया कि इसमें कई स्वाभाविक कारणों से मौतें भी थीं। ऐसी ही मौतों में सेंट्रल कमेटी मेंबर बारुण दादा और सीनियर कॉमरेड शहीदा दीदी शामिल थीं।
सबसे ज्यादा नुकसान
प्रेस रिलीज में कहा गया कि हालांकि अगर आंकड़ों की बात की जाए तो जब से सलवा जुड़ूम की शुरुआत(2005-2006) हुई है। तब से अब तक हमें सबसे ज्यादा नुकसान हाल के सालों में हुआ है। और हमारे सबसे ज्यादा साथी हालिया वक्त में मारे गए हैं।
माओवादियों ने यह सात दिवसीय शहीद दिवस चारू मजूमदार की याद में मनाया जिन्होंने पश्चिम बंगाल में नक्सल अभियान शुरू किया था।
सोमवार से शुरू हुए इस शहीद दिवस कार्यक्रम के चलते पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है।