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झाड़-फूंक के चक्कर में गंवा बैठा पैर: ओझा से सूजन सही नहीं हुई तो गया अस्पताल, डॉक्टर बोले- काटनी पड़ेगी टांग

Fri, 24 Mar 2023 02:46 PM IST
अभिषेक वर्मा अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा
अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा Published by: अभिषेक वर्मा Updated Fri, 24 Mar 2023 02:46 PM IST
सार

बैगा गुनिया के चक्कर में पड़कर एक ग्रामीण को अपना पैर गंवाने की नौबत आ गई है। पैर में सूजन आने पर घर पर ही झाड़-फूंक करा रहा था। हालत बिगड़ने पर 108 के माध्यम से अस्पताल में कराया गया भर्ती।

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Swelling of leg increased due to exorcism doctor said leg will have to be amputated
झाड़-फूंक के चक्कर में बढ़ी पैर की सूजन, डॉक्टर बोले काटनी पड़ेगी टांग। - फोटो : संवाद

विस्तार

पैर में हुए सूजन के उपचार में लापरवाही बरतना एक ग्रामीण को काफी महंगा पड़ गया है। संक्रमण फैलने के कारण उसके पैर को काटने की नौबत आ गई है। ग्राम चाकामार में रहने वाला ग्रामीण अस्पताल में उपचार कराने के बजाए बैगा से झाड़फूंक कराता रहा, जिसके कारण यह नौबत आ गई।

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ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले लोगों को सस्ता उपचार सुलभ हो सके इसके लिए शासन प्रशासन द्वारा गांव-गांव में अस्पताल खोल दिया गया है। बावजूद इसके लोग आज भी अंधविश्वास की बेड़ियों में जकड़े हुए हैं और झांड़-फूंक के चक्कर में पड़कर अपनी जिंदगी को दांव पर लगाने से पीछे नहीं हट रहे हैं। ऐसा ही कुछ कोरबा के ग्राम चाकामार में देखने को मिला है। जहां पैर में हुए सूजन का अस्पताल में उपचार कराने के बजाय बैगा से झाड़-फूंक कराता रह गया। जिसका नतीजा यह हुआ, कि ग्रामीण के पैर में संक्रमण हो गया और चिकित्सक ने उसका एक पैर काटने तक की बात कह डाली। ग्रामीण को बेहतर उपचार के लिए रेफर कर दिया गया है।
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ग्राम पंचायत चौकामार में फुलेश्वर सिह निवास करता है, उसके पिताजी के पैर में अचानक सूजन आ गई। अंधविश्वास में जकड़े ग्रामीण पैर में सूजन को जादू टोना समझ बैठे। वह डॉक्टरी सलाह के बजाय झाड़-फूंक से उपचार कराते रहे। झाड़-फूंक से जब आराम नहीं मिला तो ग्रामीण को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल लाया गया। जहां पर संक्रमण को देखते हुए चिकित्सक ने उसका एक पैर को काटने  की बात कही है और ग्रामीण को बेहतर उपचार के लिए रेफर कर दिया गया है।
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मेडिकल कॉलेज के सअधीक्षक रविकांत जाटवर वालों ने बताया कि अंधविश्वास में चक्कर में उसकी पैर की हालत काफी गंभीर है जिसे रेफर करने की बात कही गई है लोग इस तरह के अंधविश्वास में ना पड़े वह इसकी अपील कर रहे हैं।

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